हरिद्वार। गैस आवंटन की प्रक्रिया संबंधी सूचनाएं नहीं देने पर सूचना आयोग सख्त हो गया है। सूचना आयुक्त ने खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिव सहित प्रदेश के सभी 13 जिलों के डीएसओ को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। उनसे 22 अप्रैल को लिखित स्पष्टीकरण तलब किया है।
आरटीआई कार्यकर्ता रमेश चंद्र शर्मा ने 26 जून 2012 को सचिव खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति से उस शासनादेश की जानकारी मांगी थी, जिसके आधार पर गैस कंपनियां धर्मशालाओं-आश्रमों को यात्री कोटे की गैस देने मना कर रही हैं।
सचिव ने सूचना के इस आवेदन को 13 जिलापूर्ति अधिकारियों को भेज दिया। सूचना नहीं मिलने पर प्रथम अपील 13 जिलों के जिला मजिस्ट्रेटों को प्रस्तुत की। लेकिन, सूचना नहीं मिलने पर द्वितीय अपील राज्य सूचना आयोग में की गई। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति सचिव ने पांच मार्च को सुनवाई में बताया कि गैस आवंटन की सभी प्रक्रियाओं का निर्धारण गैस एजेंसियों द्वारा किया जाता है। राज्य सूचना आयुक्त प्रभात डबराल ने माना कि खाद्य सचिव का यह कहना पूरी तरह से सही नहीं है। सचिव और 13 जिलापूर्ति अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए राज्य सूचना आयुक्त प्रभात डबराल ने 22 अप्रैल स्पष्टीकरण तलब किया है।