हरिद्वार। आरोग्य मेले के शुभारंभ अवसर पर आयुष मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा कि आज विश्वभर ने आयुष की शक्ति को पहचान लिया है। उन्होंने कहा कि यह भारत और उत्तराखंड दोनों के लिए बेहद सुनहरा मौका है कि हम आयुष को प्रमोट और इसका विस्तार करें। आयुष एक ऐसी पद्घति है जिसके माध्यम से गंभीर बीमारियों का भी उपचार संभव है।
ऋषिकुल मैदान में आयुष मंत्रालय की ओर से लगाए गए तीन दिवसीय आरोग्य 2019 का उद्घाटन आयुष मंत्री हरक सिंह रावत ने किया। उन्होंने कहा कि यह न केवल बीमारियों को जड़ से खत्म करने के मामले में बेहद उपयोगी है बल्कि साथ ही यह बेहद सस्ती पद्घति भी है। आयुष शिक्षा सचिव रमेश कुमार सुधांशु ने कहा कि इलाज से अच्छा बचाव होता है और आयुष की इसमें विशेष भूमिका है। उन्होंने कहा कि इस मेले के आयोजन का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक उपचार की प्रणालियों को प्रोत्साहित करना है। उन्होंने कहा कि यह न केवल बेहद कारगर पद्घति है बल्कि यह सस्ती भी है। केंद्र सरकार के आयुष मंत्रालय के डिप्टी सेक्रेटरी रामानंद मीणा ने कहा कि भारत हेल्थ केयर क्षेत्र में विश्व का शिक्षक बन क्रांति ला सकता है यदि ईलाज की पारंपरिक पद्घतियों का सदुपयोग करें। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में औषधिय पौधों की भरमार है। इस मौके पर सीआईआई उत्तराखंड स्टेट काउंसिल के वाइस चेयरमैन मुकेश गोयल, आयुर्वेद निदेशक प्रो. अरुण कुमार त्रिपाठी आदि मौजूद रहे।