अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
गंगामाता चैरिटेबल आई हास्पिटल का 26 वां स्थापना दिवस असहाय रोगियों की निरंतर सेवा करते रहने के संकल्प के साथ मनाया गया।
स्थापना दिवस कार्यक्रम में स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय के कुलपति डा. विजय धस्माना ने कहा कि असहाय रोगियों की सेवा करना और उन्हें आरोग्यता प्रदान करना ईश्वर पूजा के समान है। यह काम गंगामाता आई हास्पिटल बड़ी तन्मयता के साथ 26 वर्षों से कर रहा है।
एम्स ऋषिकेश के निदेशक प्रो.रविकांत ने कहा कि सेवा का भाव मन में रखकर मानवता के दुख दर्द को दूर करने का काम करना चाहिए। इस मामले में केरल प्रदेश से प्रेरणा लेकर चिकित्सा के क्षेत्र में नए आयाम स्थापित करने होंगे। गंगामाता आई हास्पिटल के चेयरमैन अमरजीत गोयल, सचिव ओपी बंसल, सहसचिव एचके वाधवा और ट्रस्टियों ने निरंतर रोगियों की सेवा करने का संकल्प दोहराया।
गंगामाता आई हास्पिटल के सचिव ओपी बंसल ने संस्था की उपलब्धियों की रिपोर्ट प्रस्तुत की। निर्मल पीठाधीश्वर श्रीमहंत ज्ञानदेव सिंह, जूना अखाड़ा के राष्ट्रीय सचिव श्रीमहंत देवानंद सरस्वती, लालमाता मंदिर के संचालक भक्त दुर्गादास, रामनिकेतन के परमाध्यक्ष स्वामी ज्ञानानंद शास्त्री, खाटू श्याम मंदिर की परमाध्यक्ष साध्वी आनंद ज्योति सहित कई संतों ने आशीर्वाद दिया। इस अवसर पर न्यायाधीश जीसी गर्ग, स्वामी विवेकानंद सरस्वती, जगदीशलाल पाहवा, अनीता वर्मा, विमला बंसल, नरसिंह भवन ट्रस्ट भवन के संचालक राजेंद्र राय आदि उपस्थित रहे।
समारोह में बाल कलाकारों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया। डा. राजन राणा, एसएन सिंहला, डा. पूजा जैन, डा. एमआर यादव, डा. स्नेहा दीक्षित, डा. सुरभि कक्कड़ आदि ने अतिथियों का स्वागत किया।