ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
प्रख्यात कवि डॉ. हरिओम पंवार की जोशीली कविताओं ने सर्द रात में जोश के अंगारे भर दिए। सीमा पर शहीद हुए जवानों को लेकर प्रस्तुति की गई तो दर्शक तालियां बजाने पर मजबूर हो गए। योगगुरु स्वामी रामदेव की कांग्रेस सरकार के खिलाफ छेड़ी मुहिम को भी उन्होंने कविता में ढाला। देर रात तक बिखेरे काव्य के रंगों ने गंगा महोत्सव के समापन में विशिष्टता के रंग भर दिए।
हरिद्वार नागरिक मंच और सिडकुल मेन्युफैक्चर्स एसोशिएशन के संयुक्त तत्वावधान में चार दिन से चल रहे गंगा महोत्सव का समापन बीती रात कवि सम्मेलन तथा सम्मान समारोह के साथ हुआ। कवि सम्मेलन का शुभारंभ विधायक आदेश चौहान, मेयर अनीता शर्मा, महिला आयोग की पूर्व अध्यक्षा डॉ संतोष चौहान, संस्था के अध्यक्ष डॉ सुनील कुमार बत्रा, संस्थापक अध्यक्ष सतीश जैन ने दीप जलाकर किया। इसके बाद गीतकार रमेश रमन ने मां शारदे की वंदना प्रस्तुत की। बाल कवि संयुक्त आर्य ने हरिओम पंवार की राम मंदिर पर लिखी कविता प्रस्तुत कर सबका मन मोहा। इसके बाद प्रख्यात कवि हरिओम पंवार ने पंडित मदन मोहन मालवीय को समर्पित कवि सम्मेलन में अपनी प्रस्तुति दी तो सर्द रात में काव्य की गरमी भर गई। पंवार ने अपनी प्रसिद्ध कविता ‘मैं भारत का संविधान हूं, लाल किले से बोल रहा हूं’ सुनानी शुरू की तो दर्शकों ने हर एक पंक्ति पर गर्मजोशी से उनका अभिवादन किया। अपनी अगली कविता ‘पीपल छाया मांग रहा है, कीकर के पेड़ों से’ में उन्होंने शांतिप्रिय भारत की दुर्दशा पर कटाक्ष करते हुए कहा कि दिल्ली की सरकारें पाकिस्तान जैसे कीकर के पेड़ से छाया की उम्मीद कर रही है। डॉ. नरेश मोहन के संचालन में हुए कवि सम्मेलन में रविंद्र कुमार सैनी, सकलैन ज्वालापुरी, अभिनंदन गुप्ता आदि ने भी काव्य पाठ किया। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री डॉ हरक सिंह रावत ने कहा कि गंगा महोत्सव जैसे आयोजन समाज को गंगा स्वच्छता के लिए प्रेरित करते हैं। मंच के संस्थापक अध्यक्ष सतीश जैन, मेला चेयरमैन जगदीश लाल पाहवा, सिडकुल एसोशिएसन के अध्यक्ष हरेंद्र गर्ग, एचईसी के निदेशक संदीप चौधरी, महामंत्री देवेंद्र शर्मा, कुलभूषण सक्सेना, सुरेंद्र कुमार चौधरी, कुलभूषण शर्मा आदि ने अतिथियों का स्वागत किया। इस मौके पर उद्योगपति जेसी जैन, हरेंद्र गर्ग, यूसी जैन, डॉ शिवकुमार चौहान, अरविंद अग्रवाल, शैलेश मोदी, नवीन कुमार अग्रवाल, नरेश कुमार चौहान, डॉ विशाल गर्ग, आदित्य कुमार चौहान आदि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री को ‘गंगा रत्न’ सम्मान से नवाजा
गंगा महोत्सव के अंतिम दिन हरिद्वार नागरिक मंच ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को देहरादून की रिस्पना नदी पर किए गए काम के लिए संस्था के सर्वोच्च सम्मान गंगा रत्न से नवाजा। उनका यह सम्मान विधायक आदेश चौहान ने प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त पांच विभूतियों को हरिद्वार रत्न सम्मान दिया गया। इनमें पर्यावरणविद् डॉ. बीडी जोशी, राज्य महिला आयोग की प्रथम अध्यक्ष डॉ. संतोष चौहान, एकम्स के एमडी संदीप जैन, पत्रकार डॉ. राधिका नागरथ शामिल रहे। शिक्षा एवं समाजसेवा के क्षेत्र में मुरारी लाल जैन एवं गुरु प्रसाद सक्सेना को यह सम्मान मरणोपरांत प्रदान किया गया। इस अवसर पर पूर्व विधायक अमरीष कुमार, राज्यमंत्री विनोद आर्य, श्रम आयोग सदस्य संजय चोपड़ा, मुरली मनोहर, जगदीश विरमानी, प्रमोद शर्मा, ललितेंद नाथ, शिखर, संदीप खन्ना, आशीष झा, अनीता वर्मा, ललित मिंगलानी, एके ओहरी, सहित अनेक नागरिक उपस्थित रहे।
कम उपस्थिति पर कसे तंज
नागरिक मंच का गंगा महोत्सव का समापन समारोह लंबे सम्मान समारोह तथा कवि सम्मेलन के दौरान कम उपस्थिति को लेकर चर्चा का विषय भी बना। मंच से ही डॉ. हरिओम पंवार ने अपने अंदाज में लंबे सम्मान समारोह को लेकर आयोजकों की खिंचाई की। उन्होंने कहा कि इतना समय तो कवि सम्मेलन को भी नहीं दिया गया। जितना अतिथियों के सम्मान को दिया गया। साथ ही श्रोताओं की कम उपस्थिति पर भी पंवार ने तंज कसे।