हरिद्वार। भेल के संविदा कर्मी अजीत की ड्यूटी के दौरान हुई मौत के मामले में तूल पकड़ लिया। शुक्रवार को भेल कारखाने में कार्य ठप करते हुए कर्मचारियों ने जमकर हंगामा काटा। भेल प्रबंधन की ओर से कोई सकारात्मक आश्वासन न मिलने पर कर्मचारियों ने शोकाकुल परिवार की आर्थिक सहायता करने का फैसला लिया है। कर्मचारियों ने भेल प्रबंधन के रवैये को लेकर आक्रोश बना हुआ।
बृहस्पतिवार की शाम को भेल कारखाने में ड्यूटी के दौरान मशीन पर कार्य करते समय बेल्ट टूटने से संविदा कर्मी अजीत निवासी पश्चिमी अंबर तालाब रुड़की की मौत हो गई थी। इससे गुुस्साए कर्मचारियों ने जमकर हंगामा काटा था। कर्मचारियों की मांग थी कि मृतक कर्मचारी के परिजन को नौकरी दी जाए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जैसे तैसे स्थिति को संभाला था और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा था। शुक्रवार को भेल कर्मचारियों ने मृतक के परिवार को सदस्य को भेल में नौकरी देने की मांग को लेकर हंगामा खड़ा कर दिया। भेल कर्मियों ने कारखाने में कार्य ठप करते हुए अपनी मांग पूरी करने की बात उठाई। भेल प्रबंधन ने भेल कर्मचारियों की मांग को गंभीरता से नहीं लिया। इस दौरान भेल की समस्त यूनियनों के पदाधिकारियों ने उन्हें समर्थन दिया और मौके पर पहुंच गए। जिस पर सभी ने एकमत होकर निर्णय लिया कि स्थायी कर्मचारी 200 रुपये और अस्थायी कर्मचारी 100 रुपये मदद के लिए देगा। एकत्रित होने वाली रकम को मृतक के परिवार को दिया जाएगा। दोपहर तक कार्य ठप रहा। वहीं शाम को चार बजे गेट पर हुई मीटिंग में अधिकारी शामिल हुए और सोमवार तक का समय दिया। इस मौके पर बीएमकेपी इंटक के महामंत्री राजबीर चौहान, प्रेमचंद, विकास सिंह, संदीप, राजकिशोर, आशीष, केएस गुसाई, अशोक चौधरी, करण सिंह नायक, अश्वनी चौहान, नागेश पटेल, प्रीतम सिंह, मनमोहन, अरविंद कुमार, मुकुल राज आदि मौजूद थे।