अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
महानगर व्यापार मंडल ने निजी स्कूल प्रबंधकों की ओर से शिक्षा मंत्री के आदेश का अनुपालन नहीं करने का विरोध किया। उन्होंने शिक्षा मंत्री के प्रयासों की सराहना करते हुए स्कूल प्रबंधन को चेताया कि एनसीईआरटी के अलावा अन्य प्रकाशकों की पुस्तकें लगाने और मनमानी फीस वसूलने पर व्यापारी आंदोलन करेंगे।
सोमवार को शिवमूर्ति के सामने एक होटल में प्रेसवार्ता में महानगर व्यापार मंडल के जिलाध्यक्ष सुनील सेठी ने निजी स्कूलों की मनमानी को रोकने और अभिभावकों को राहत देने के निर्देशों पर शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय का आभार जताया। कहा कि पब्लिक स्कूलों के प्रबंधन महंगे दामों के पाठ्यक्रमों को खरीदवाने और तरह-तरह के चार्ज लगाकर फीस वसूलने पर अभिभावकों का लगातार शोषण होता जा रहा है। अब राज्य सरकार ने पब्लिक स्कूलों के खिलाफ शिंकजा कसा और एनसीईआरटी की पुस्तकों को लागू कराने को लेकर कड़े आदेश दिए तो पब्लिक स्कूलों के प्रबंधक सड़कों पर उतर आए। उन्होंने इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री अपने निर्णय पर अडिग रहें। आदेश का पालन नहीं करने वाले पब्लिक स्कूलों की मान्यता तुरंत निरस्त की जाए। महानगर अध्यक्ष नाथीराम सैनी, मायापुर व्यापार मंडल अध्यक्ष जितेंद्र चौरसिया एवं वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रीतकमल शर्मा ने कहा कि प्रदेश सरकार रिडमिशन फीस लेने वाले स्कूलों पर सख्ती से लगाम लगाएं। प्रेस वार्ता में वरिष्ठ उपाध्यक्ष प्रीतकमल शर्मा, शिव गंगा व्यापार मंडल अध्यक्ष अरुण प्रकाश राघव, तेजप्रकाश साहू, राजेश सुखीजा, गोपाल प्रधान, सुनील तलवार, पंकज सुखीजा, अजय वाधवा, नरेश जोशी, पंकज माटा, आशीष पाराशर, दीपक मेहता आदि उपस्थित रहे।