कोरोना से संक्रमित होने वालों की संख्या हर रोज बढ़ रही है। रात्रि में कर्फ्यू अवधि भी बढ़ा दी है। इसके बाद भी लोग कोरोना नियमों की अनदेखी करने से बाज नहीं आ रहे हैं। ट्रेनों और बसों में सफर करने पर मास्क नहीं लगा रहे हैं। स्टेशनों पर रैंडम सैंपलिंग तो दूर चेकिंग तक नहीं हो रही है। हरकी पैड़ी और बाजारों में कोविड प्रोटोकॉल की धज्जियां उड़ रही हैं। पुलिस-प्रशासन की सख्ती के बाद भी लोग मनमानी कर संक्रमण के प्रसार में भागीदार बन रहे हैं।
कोरोना ने एक बार फिर धर्मनगरी में तेजी से फैलना शुरू कर दिया है। ओमिक्रॉन का खतरा भी बना है। धर्मनगरी में रोजाना ट्रेनों और बसों से देशभर से यात्री पहुंच रहे हैं। हरिद्वार रोडवेज बस अड्डे से प्रतिदिन करीब 500 बसों का आवागमन होता है। करीब 20,000 यात्री गुजरते हैं। हरिद्वार से 17 जोड़ी यानी 34 ट्रेनों का आवागमन होता है। करीब बीस हजार यात्री ट्रेनों से हरिद्वार आनाजाना करते हैं। यात्री बिना मास्क के सफर कर रहे हैं। बस अड्डे पर कोरोना गाइडलाइन का पालन नहीं हो रहा है। इससे फिर से दूसरी लहर की तरह संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है।
रोडवेज में 90 फीसदी यात्री बिना मास्क
बृहस्पतिवार दोपहर बस अड्डे पर यात्रियों की भीड़ थी। यात्री शेड और परिसर में लोग अपने गंतव्य स्थानों को निकलने वाली बसों का इंतजार कर रहे थे। इसी तरह बाहर से आने वाली बसों से यात्री उतरकर अपने गंतव्य स्थानों को निकल रहे थे। 90 फीसदी यात्रियों ने मास्क नहीं पहने थे। बसों में भी बिना मास्क बैठकर सफर कर रहे थे। यात्रियों को रोकने और टोकने वाला कोई नहीं था।
बेखौफ ट्रेनों से उतर और चढ़ रहे यात्री
रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म से लेकर स्टेशन परिसर में जगह जगह सैकड़ों यात्री इधर-उधर खड़े और बैठे नजर आए। ट्रेनों से उतरने वाले यात्री भी बिना मास्क बाहर आ रहे थे। स्टेशन से बाहर आने वाले यात्रियों की रैंडम सैंपलिंग और चेकिंग नहीं हो रही थी। जिन यात्रियों के पास मास्क था भी लटका हुआ था। स्टेशन परिसर में न तो जीआरपी की सख्ती नजर आई और न ही स्वास्थ्य विभाग की टीमें दिखी।
पुलिस-प्रशासन की सख्ती का नहीं असर
हरकी पैड़ी और आसपास घाटों पर औसतन रोजाना 10 हजार यात्री हर समय मौजूद रहता है। शाम को आरती में भी भीड़ उमड़ती है। बच्चे और बुजुर्ग भी रहते हैं। अधिकतर यात्री बिना मास्क घूमते हैं। बुधवार को ही पुलिस और प्रशासन ने लोगों को जागरूक कर चालान किए। लेकिन एक दिन बाद ही लोग लापरवाही करते नजर आए।
बाजारों में संक्रमण का खतरा
अपर रोड, बड़ा बाजार, मोती बाजार में चहल चहल रहती है। न तो दुकानदार कोविड नियमों का पालन कर रहे हैं और न ही यात्री जागरूक हैं। इससे बाजारों में कोरोना संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। दुकानों में आने वाले ग्राहकों के हाथों को सैनेटाइज करना सभी भूल गए हैं।
- मास्क की अनिवार्यता को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। पुलिसकर्मी लगातार लोगों को कोरोना के बढ़ते संक्रमण से बचाव के प्रति जागरूक कर रहे हैं। चालान भी किए जा रहे हैं।
- डॉ. योगेंद्र सिंह रावत, एसएसपी हरिद्वार
रेलवे स्टेशन पर बिना मास्क पहुंचने वाले यात्रियों को मास्क बांटे गए। कोरोना के प्रति जागरूक भी किया। वहीं, कोतवाली और थाना क्षेत्रों में पुलिस की ओर से कोविड नियमों के पालन करने के लिए मुनादी कराई जा रही है। बिना मास्क चालान भी किए जा रहे हैं।
-अनुज सिंह, एसओ जीआरपी