अमर उजाला ब्यूरो
हरिद्वार।
शोर-शराबे के बीच हरकी पैैड़ी की प्रबंधकारिणी संस्था गंगा सभा ने वर्ष 2018-19 के लिए तीन करोड़ का बजट पारित किया। बैठक में विपक्ष के अशोक त्रिपाठी जैसे बड़े नेताओं की गैरहाजिरी के बावजूद उनके खेमे ने काफी शोर-शराबा किया। प्रशासनिक प्रतिनिधियों की उपस्थित में हुई बैठक में बजट को लेकर सदस्यों ने कई सवाल खड़े किए गए। अध्यक्ष की ओर से पुरोहित सदस्यों को अधिकांश के जवाब नहीं मिले।
गंगा सभा की वार्षिक बजट बैठक चार दिन पूर्व प्रस्तावित थी। उस दिन दो पुरोहित सदस्यों के निधन के चलते बैठक स्थगित कर दी गई। अब हुई बजट बैठक सभापति कृष्ण कुमार शर्मा की अध्यक्षता में ज्वालापुर के मालवीय धाम में हुई। अध्यक्ष पुरुषोत्तम शर्मा एवं महामंत्री रामकुमार मिश्रा ने सदस्यों के सवालों का जवाब दिया। वरिष्ठ सभासद विरेंद्र कीर्तिपाल, सिद्धार्थ चक्रपाणि, सौरभ सिखौला आदि ने व्यवस्था के प्रश्न उठाए। कीर्तिपाल ने कहा कि बजट तैयार करने से पहले अनेक मदों पर कार्यकारिणी की राय ली जाती है। बावजूद इसके अध्यक्ष ने ऐसी कोई बैठक नहीं बुलाई। मांगे गए अधिकांश लिखित सवालों के जवाब भी नहीं दिए गए। व्यवस्था से जुड़े सवालों पर महामंत्री ने सफाई दी। इसके बावजूद सदस्य संतुष्ट नहीं हो पाएं। बाद में शोर-शराबे के बीच वर्ष 2018-19 का बजट पारित कर दिया गया।