अमर उजाला
हरिद्वार।
मुजफ्फरनगर से हरिद्वार और हरिद्वार से देहरादून तक हाईवे निर्माण अधर में होने से श्रद्धालुओं को आधे अधूरे और उबड़-खाबड़ हाईवे में जाम पर हांफना पड़ेगा। इसको लेकर यातायात पुलिस के अधिकारी खासे परेशान हैं।
मुजफ्फरनगर से हरिद्वार तक हाईवे निर्माण कर कार्यदायी कंपनी एरा के पास पैसे नहीं है। बैंक उसको लोन नहीं दे रहा है। ऐसे में मशीनों को जंक लग गया है और कर्मचारी भी आंदोलित हैं। निर्माण में देर से एरा कंपनी के लिए फोरलेन निर्माण का ठेका घाटे का सौदा बन गया है। हरिद्वार से देहरादून तक फोरलेन का काम भी बंद है। अभी इसके निर्माण को लेकर एनएचएआई दिल्ली मुख्यालय में कार्यदायी कंपनी के साथ एमओयू साइन नहीं हो पाया है। हरिद्वार से देहरादून और दिल्ली तक कई उच्चस्तरीय बैठकों के बाद भी इन दोनों हाईवे चौड़ीकरण (फोरलेन) की राह निकल नहीं पाई है। यात्रा सीजन में सबसे बड़ी समस्या हर की पैड़ी क्षेत्र में खड़ी होने वाली है। इस क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण का काम तो करा लिया गया है परंतु एक भी पुल का निर्माण नहीं हुआ। ऐसे में यात्रा सीजन में तो इस रोड को पार करना मुश्किल हो जाएगा।
हरिद्वार से देहरादून हाईवे निर्माण का काम बंद है। इसका मामला दिल्ली मुख्यालय में हैं। कार्यदायी संस्था के साथ एमओयू साइन नहीं हो पाया है। बैंक ने कुछ आपत्तियां लगाई हैं जिनको मुख्यालय स्तर से दूर कराया जा रहा है। एमओयू साइन होने के बाद भी काम शुरू होगा। मुजफ्फनगर से हरिद्वार के हाईवे का काम भी फंड की कमी से गति नहीं पकड़ रहा है। कुछ अतिक्रमण भी नहीं हट पाया है।
- पीएस गुसाईं, परियोजना प्रबंधक एनएचएआई
बैंक से लोन मिलने में देरी के बावजूद कंपनी रुड़की से शंकराचार्य चौक हरिद्वार तक फोरलेन का काम यात्रा सीजन से पहले पूरा कराने की कोशिश कर रही है। यातायात संचालन की दृष्टि से चिह्नित स्थान ठीक कराए जा रहे हैं। परंतु हरकी पैड़ी के पास के पुलों का निर्माण तो अभी नहीं हो पाएगा। उम्मीद है कि कंपनी को जल्दी ही लोन मिल जाएगा और काम चल पड़ेगा।
- दिनेश चंद्र मंडोलिया, व्यापार हेड एरा