उत्तराखंड में पहली बार जनआकांक्षाओं के विपरीत राष्ट्रपति शासन लगाये जाने और केन्द्र पर लोकतंत्र की हत्या करने के विरोध में प्रदेश के पूर्व काबीना मंत्री सुरेंद्र सिंह नेगी के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने लोकतंत्र बचाओ यात्रा निकाली। कार्यकर्ताओं ने झंडाचौक से किशनपुरी-लछमपुर तक पैदल मार्च किया।
लोकतंत्र बचाओ यात्रा के तहत पूर्व काबीना मंत्री एवं क्षेत्रीय विधायक सुरेन्द्र सिंह नेगी ने भाजपा पर चुनी हुई सरकार को गिराकर प्रदेश के विकास को अवरूद्ध करने का आरोप लगाया। कहा कि भाजपा ने लोकतंत्र नहीं बल्कि प्रदेश की जनता के विकास के अरामानों का खून किया है।
आने वाले विधानसभा चुनाओं में प्रदेश की जनता भाजपा को कभी माफ नहीं करेगी। उन्होंने भाजपा सरकार पर सीबीआई का डर दिखाने का आरोप लगाते हुए कहा कि अब भारतीय जनता पार्टी झूठे स्टिंग ऑपरेशनों के सीडी की सीबीआई जांच किये जाने की बात कर निर्वतमान मुख्यमंत्री हरीश रावत को निशाना बना रही है।
उन्होंने कहा कि यदि भाजपा इतनी ईमानदार पार्टी है तो वह बेनामी सम्पति, कुंभ घोटाला तथा स्टर्डिया घोटालों की जांच करके दिखाये, उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी भाजपा की सीबीआई जांच से डरने वाली नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के द्वारा प्रदेश के समग्र विकास के लिए चालीस हजार करोड़ का कर रहित बजट प्रस्तुत किया गया था, जिसमें उत्तराखंड राज्य अवधारणा के अनुरूप विकास कार्यो को अंजाम दिया जाना था, लेकिन भाजपा की हिटलरशाही मानसिकता प्रदेश के लोगों का भला नहीं देखा गया और उन्होंने कांग्रेस के नौ विधायकों को मोटी रकम का लाचल देकर पार्टी में बगावत करा दी।
अब भाजपा की करनी से प्रदेश में राष्ट्रपति शासन लगने से विकास कार्यो के लिए धन स्वीकृत न होने से बडे़ प्रोजेक्टों को पूरा होने पर संशय बना हुआ है। इस माके पर महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष रंजना रावत, गीता नेगी, मीना बछवाण, कीरत सिंह, किरन नैथानी, कृष्णा बहुगुणा, गीता, दामोदर सिंह, मनमोहन सिंह नेगी, प्रदीप नेगी, गबर सिंह, पदमा देवी, शंकुतला देवी, रामेश्वर देवी, डा. चन्द्रमोहन खर्कवाल, गिरिराज किशोर हिंदवाण, शंकेश्वर प्रसाद, दर्शन सिंह, बुद्धि प्रकाश आदि मौजूद थे।