आबकारी अधिकारी का घेराव करती महिलाएं
- फोटो : अमर उजाला
लोहाघाट में मायावती आश्रम को जाने वाले मार्ग पर खुली देसी शराब की दुकान हटाने की मांग को लेकर महिलाओं ने जिला मुख्यालय में जिला आबकारी अधिकारी (डीईओ) दीपाली साह का घेराव किया।
बाद में डीईओ ने आंदोलनकारियों को एक जून से शराब की दुकान हटाने का आश्वासन दिया। इस आश्वासन के बाद आंदोलन वापस ले लिया गया।
मायावती आश्रम को जाने वाले रास्ते से शराब की दुकान हटाने को लेकर 15 मई से महिलाएं आंदोलन कर रही थीं। इसके बावजूद आंदोलन के दौरान ही शराब की दुकान खोल दी गई। दसवें दिन बुधवार को सामाजिक कार्यकर्ता रमेश विश्वकर्मा, वनीगांव के प्रधान सुभाष जोशी और छात्रसंघ की पूर्व महासचिव नेहा गड़कोटी के नेतृत्व में महिलाओं ने जिला मुख्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया और आबकारी अधिकारी का घेराव किया।
डीईओ ने एक जून से शराब की दुकान को इस जगह से अन्यत्र शिफ्ट करने का आश्वासन दिया। इस पर आंदोलनकारी महिलाएं मान गईं और आंदोलन को 31 मई तक स्थगित कर दिया। अलबत्ता दुकान नहीं हटने पर दोबारा आंदोलन करने की चेतावनी दी गई है। विरोध-प्रदर्शन में बबीता देवी, विमला देवी, सुशीला देवी, आरती विश्वकर्मा, बसंती विश्वकर्मा, मनीषा विश्वकर्मा, हेमा उपाध्याय, चनी देवी, कमला देवी आदि शामिल थीं।