फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पहली बार भांग का नमक और खाजा तैयार कर रही हैं महिलाएं

Thu, 21 Feb 2019 10:29 PM IST
बृजमोहन बृजमोहन सतीश जोशी ‘सत्तू’ चंपावत।
विज्ञापन
चंपावत में स्वयं सहायता समूहों की ओर से तैयार किए गए खाजा और भांग के नमक के पैकेट। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

 जिले के खेतीखान गोशनी में महा उज्ज्वला आजीविका स्वायत्त सहकारिता समूह की ओर से महिलाओं के माध्यम से कृषि और बागवानी से जुड़े उत्पादों को तैयार कर उनकी बिक्री की जा रही है। महिलाओं की ओर से स्थानीय स्तर पर पहली बार तैयार किए गए भांग के नमक और खाजा के पैकेट को उपभोक्ता हाथोंहाथ ले रहे हैं। जलागम प्रबंधन के तहत संचालित की जा रही एकीकृत आजीविका सहयोग परियोजना के तहत विकास भवन में स्टाल बनाकर स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराया जा रहा है।

विज्ञापन


समूह की ओर से मंडुवे और चावल के आटे के बिस्कुट, मंडुवे का आटा, लहसुन का अचार, राजमा, लोबिया, विभिन्न प्रकार की नमकीन आदि के उत्पादों की बिक्री की जा रही है। इसके साथ ही स्थानीय धान और तिलहनों के मिलावट से तैयार खाजा और भांग का नमक समूह की विशिष्ट पहचान बनते जा रहे हैं। समूह के अध्यक्ष रमेश ओली के अनुसार विभिन्न जगहों में लगने वाली हाटों और किसान मेलों आदि में समूह की ओर से तैयार खाजे और भांग के नमक की अच्छी मांग है।

गोलू महोत्सव में खाजे के प्रयोग को मिली सफलता
चंपावत। महा उज्ज्वला आजीविका स्वयं सहायता समूह की ओर से गत वर्ष जिला मुख्यालय में आयोजित गोलू महोत्सव में पहली बार स्थानीय चावल, दालों और तिलहनों को मिलाकर तैयार खाजा बाजार में उतारा गया। इसकी काफी डिमांड रही। इसके बाद समिति की ओर से बड़े पैमाने पर खाजे के अलावा भांग के नमक के पैकेट तैयार करना शुरू कर दिया गया।
विज्ञापन


स्वयं सहायता समूह में कार्य कर रहे हैं 426 महिला-पुरुष
चंपावत। महा उज्जवला आजीविका स्वयं सहायता समूह में वर्तमान में 426 महिला-पुरुष विभिन्न उत्पादों को तैयार करने के कार्य में लगे हुए हैं। समूह के अध्यक्ष रमेश ओली के अनुसार समूह के सदस्यों की ओर से उप समूहों के माध्यम से अलग-अलग तरह के उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें