देव डांगरों के साथ हुआ कदली वृक्ष का आगमन
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मां नंदाष्टमी मेले के तीसरे दिन शुक्रवार सुबह पांच बजे देव डांगरों के साथ कदली (केले) वृक्ष का आगमन हुआ।
मां नंदा-सुनंदा की मूर्ति का निर्माण कर प्राण-प्रतिष्ठा की गई। इस रस्म को पंडित गिरीश कलौनी, पंडित विनोद पांडेय और पंडित दीपक कुलेठा ने निभाया। बालेश्वर मंदिर परिसर में देवी नंदा-सुनंदा का रात 12 बजे तक तांत्रिक पूजन हुआ। बाद में मां को भोग लगाया गया।
आयोजन समिति के अध्यक्ष शंकर दत्त पांडेय, उनकी धर्मपत्नी पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमा पांडेय, सभासद दीपक तड़ागी उनकी धर्मपत्नी रीता तड़ागी, नरेश जोशी, शंकरनाथ रावल, लक्ष्मण सिंह यजमान थे। बालेश्वर मंदिर के महंत भैरव गिरि ने भक्तों को आशीर्वाद दिया।
कदली वृक्ष को लाने वालों में आयोजन समिति के सचिव विकास साह, विजय वर्मा, पूरन पांडेय, प्रकाश पांडेय, शांति पटवा, हरिप्रिया पटवा, गौरव वर्मा, प्रकाश पटवा, सौरभ वर्मा आदि शामिल थे। बालेश्वर मंदिर परिसर में शनिवार सुबह मां नंदा-सुनंदा का विशेष पूजन और कन्या पूजन होगा।