पिछले दिनों गलचौड़ा में घायल स्कूटी सवार लोनिवि के कनिष्ठ सहायक को अस्पताल ले जाते समय ग्राम प्रधान और आईटीबीपी कमांडेंट की बीच हुआ विवाद सुलझने का नाम नहीं ले रहा है। बृहस्पतिवार को ग्रामीणों ने कमांडेंट, गनर और चालक के खिलाफ कार्रवाई न करने पर गहरी नाराजगी जताते हुए नारेबाजी की। मामले की गंभीरता को देखते हुए तहसीलदार नीलू चावला तथा थानाध्यक्ष मनोज रतूड़ी मौके पर पहुंचे। उन्होंने शुक्रवार को आईटीबीपी के अधिकारियों तथा ग्रामीणों की वार्ता कराने का आश्वासन दिया।
12 फरवरी को गलचौड़ा के पास स्कूटी और टिप्पर की भिड़ंत होने पर घायल को अस्पताल पहुंचाने के मामले में सुंई पऊ के ग्राम प्रधान मनोज ओली ने कमांडेंट पर अभद्रता का आरोप लगाते हुए उनके गनर और चालक पर मारपीट का आरोप लगाते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्रवाई की मांग की थी। एक सप्ताह का समय बीत जाने के बावजूद कोई कार्रवाई न होने पर गुस्साए ग्रामीण बृहस्पतिवार को तहसील परिसर में पहुंचे और नारेबाजी शुरू कर दी। वहां पर तहसीलदार और एसओ ने कहा उनके स्तर से पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है, जो अंतिम चरणों में पहुंच चुकी है।
ग्रामीणों ने शीघ्र कार्रवाई न होने पर तहसील परिसर में क्रमिक अनशन शुरू करने की चेतावनी दी। तहसीलदार ने एसडीएम की मौजूदगी में शुक्रवार को दोनों पक्षों को बुलाकर वार्ता का आश्वासन दिया। वहां पर ग्राम प्रधान मनोज ओली, ग्राम प्रधान संगठन के जिलाध्यक्ष एलएम जोशी, ब्लॉक अध्यक्ष चांद सिंह बोहरा, ग्राम प्रधान मदन राम, सुभाष जोशी, सुभाष विश्वकर्मा, भुवन चौबे, कैलाश पांडेय, मदन पुजारी, राजू जोशी, विमला देवी, संजय चतुर्वेदी, नरेश कुमार, प्रकाश ओली, खिलानंद जोशी आदि थे।