टनकपुर (चंपावत)। क्षेत्र में लावारिस पशुओं के विचरण की समस्या से नए वर्ष में निजात मिलने की उम्मीद गई है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की घोषणा पर नायकगोठ के पास 1.46 करोड़ रुपये की लागत से गोशाला का निर्माण कार्य करीब 70 प्रतिशत हो गया है। पालिका के अनुसार मार्च-अप्रैल तक कार्य पूरा होते ही पालिका को गोशाला मिल जाएगी। इसके बाद उसमें लावारिस पशुओं को रखा जाएगा।
क्षेत्र में लावारिस पशुओं की वजह से आए दिन हादसे होते रहते हैं। पालिका की ओर से लावारिस पशुओं को पकड़कर नित्य आश्रम कालाझाला पहुंचाया जाता है लेकिन वह भी अक्सर भर जाता है। इससे पालिका को दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। इधर पालिका के अधिकारियों ने बताया कि तीन अगस्त 2025 से नायकगोठ के पास 0.4 हेक्टेयर भूमि पर गोशाला का निर्माण कार्य कराया जा रहा है। मार्च 2026 तक कार्य पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें पेयजल, चारा भंडारण, पानी की समुचित निकासी, 75 पशु क्षमता की गोशाला में 15 पशु क्षमता का खोड़ बनाने का भी प्रावधान पालिका की ओर से किया गया है।
वर्तमान में अधिक संख्या में लावारिस पशुओं के विचरण से पालिका को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उनको पकड़कर नित्य आश्रम भेजा जाता है लेकिन वहां भी क्षमता 330 पशु पूरे हो जाते हैं। गोशाला निर्माण कार्य में तेजी के निर्देश दिए गए हैं। पालिका को जल्द गोशाला मिलने पर समस्या से कुछ निजात मिलने लगेगी। - विपिन कुमार, पालिकाध्यक्ष, टनकपुर