टनकपुर में रोडवेज कार्यशाला का दृश्य। संवाद
टनकपुर (चंपावत)। रोडवेज के टनकपुर मंडल में बसों की कमी से अनेक रूटों पर बसों का संचालन करने में प्रबंधन सफल नहीं हो पा रहा है। मंडल प्रबंधन ने मंडल के टनकपुर, पिथौरागढ़ और लोहाघाट डिपो के लिए 45 नई बसों की डिमांड की है।
रोडवेज टनकपुर मंडल प्रबंधन ने बताया कि मंडल के तहत बसों के बेडे से 30 पुरानी बसों को तीन माह पहले कम कर दिया था। वर्तमान में लोहाघाट डिपो के पास 31, पिथौरागढ़ 61 और टनकपुर डिपो के पास 83 निगम और 28 अनुबंधित बसों का बेड़ा है। पिछले दिनों टनकपुर को चार, पिथौरागढ़ को छह और लोहाघाट डिपो को चार नई बसें मिली थीं, इसके बावजूद भी बसों की कमी बनी हुई है। बस न होने से टनकपुर से धारचूला, बेरीनाग, पिथौरागढ़, डीडीहाट, अल्मोड़ा, पिथौरागढ़ डिपो मुनस्यारी, बांसबगड़, नाचनी, लोहाघाट से देवीधुरा, कानपुर, चंडीगढ़ आदि के लिए संचालन नहीं हो पा रहा है। जबकि इन रूटों पर यात्री अधिक हैं। प्रबंधन का कहना है कि बसों की डिमांड की गई है, कुछ बसें निकट भविष्य में मिलने की उम्मीद है। बहरहाल, मंडल में पर्याप्त नई बसों के आवंटन को लेकर निगम प्रबंधन उदासीन बना हुआ है।
कोट
नई बसों की डिमांड की गई है। नई बस मिलने पर मंडल के तीनों मंडल के अनेक रूटों पर बसों का संचालन हो सकेगा। वर्तमान में अनेक रूटों पर बसों की कमी से संचालन नहीं हो पा रहा है। - आलोक बनवाल, आरएम रोडवेज टनकपुर मंडल।