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खून पाने के लिए पसीना बहा रहे चंपावत वाले

Wed, 30 Sep 2015 10:23 PM IST
चंद्रशेखर जोशी/अमर उजाला, चंपावत
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राज्य गठन के 15 साल होने को हैं और चंपावत जिला बने 19 साल पूरे हो गए हैं, मगर जिले की सेहत की बुनियाद मजबूत नहीं हो सकी है। यहां तक कि जिला अस्पताल होने के बावजूद जिले में ब्लड बैंक भी नहीं है। ब्लड बैंक तो शुरू नहीं हो सका, मगर बेस अस्पताल को लेकर शासन ने तैयारी शुरू कर दी है। ब्लड बैंक के अभाव में यहां के लोगों को नाजुक मौके पर खून पाने के लिए पसीना बहाना पड़ता है। आने-जाने में ही कम से कम 150 किमी की दौड़ लगानी पड़ रही है।
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जिला अस्पताल में 22.90 लाख रुपये लागत का ब्लड बैंक भवन 2012 में बन गया था, लेकिन यहां खून की उपलब्धता नहीं हो पाती है। इस भवन को अपने नाम को सार्थक करने का इंतजार है। इस वजह से हादसे और अन्य मौकों पर खून नहीं मिल पा रहा है। जिले के इस इकलौते ब्लड बैंक के अस्तित्व में नहीं आने से लोगों को भारी परेशानी हो रही है। जरूरत के वक्त खून  पाने के लिए पिथौरागढ़ (150 किमी) या रुद्रपुर (280 किमी) की दौड़ लगानी पड़ती है। ये फासला कई बार जिंदगी पर भारी पड़ता है। जिले में वक्त पर खून नहीं मिलने से औसतन सालभर में 13 लोगों की मौत होती है।

सृजित नहीं हुए ब्लड बैंक के पद
ब्लड बैंक के लिए उपकरण, रक्तदाता (डोनर) और अवस्थापना ढांचा जरूरी है। चिकित्साधीक्षक डा.एसबी ओली का कहना है कि ब्लड बैंक अफसर सहित 6 पदों के सृजन के लिए खत भेजा गया है, लेकिन अब तक पद सृजित नहीं हो सके हैं।
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ब्लड बैंक गर्भवती महिलाओं, रक्त अल्पता एवं हादसों में ही नहीं ऑपरेशन के वक्त भी रक्त की कमी की भरपाई के लिए जरूरी है। बड़े ऑपरेशनों के लिए निश्चेतक के साथ ही ब्लड बैंक भी जरूरी है। खून की कमी इंसान की कार्यक्षमता पर असर डालने के साथ रोग प्रतिरोधात्मक क्षमता प्रभावित होती है। -डा.आरपी खंडूरी, सर्जन, जिला अस्पताल।

ब्लड बैंक के संचालन से पूर्व औषधि नियंत्रक और भारत सरकार की टीम मुआयना करती है। विभाग की ओर से नियमित रूप से निरीक्षण के लिए पत्र भेजा जा रहा है। इस टीम के द्वारा अनुमोदन के बाद ही ब्लड बैंक अस्तित्व में आ सकेगा। -डा.विनोद टोलिया, सीएमओ, चंपावत।

ब्लड बैंक को जल्द शुरू कराने के लिए प्रदेश सरकार से पहल की जाएगी। भारत सरकार के प्रतिनिधियों के मुआयने के अलावा पदों के सृजन की पहल के लिए स्वास्थ्य मंत्री से बात कर कार्रवाई में तेजी का आग्रह किया जाएगा। -हेमेश खर्कवाल, विधायक, चंपावत।
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