दस करोड़ का भुगतान न किए जाने पर ऊर्जा निगम ने शारदा हेडवर्क्स (यूपी सिंचाई विभाग) परिसर की बिजली काट दी है। वहां तीन दिन से अंधेरा पसरा है। उधर, यूपी सिंचाई विभाग की माने तो पावर हाउस संचालित करने को दिए पानी का 40 करोड़ रुपये लोहिया हेड प्रशासन पर बकाया है।
दो राज्यों के बीच उपजा भुगतान का मसला शारदा हेडवर्क्स कर्मियों के लिए अंधकार का सबब बना हुआ है। कर्मचारी पिछले तीन दिनों से बिना बिजली के ही रह रहे हैं। शारदा बैराज से हेड रेग्यूलेटर द्वारा शारदा नहर का संचालन शारदा हेडवर्क्स कर्मी ही करते हैं। यहां से रायबरेली तक करीब 550 किमी की दूरी तक 22,08000 एकड़ कृषि भूमि की सिंचाई होती है, लेकिन दो विभागों के भुगतान की तनातनी में कुछ कर्मियों के मानवाधिकारों का हनन हो रहा है। इसके पीछे यूपी और उत्तराखंड के बीच परिसंपत्तियों का बटवारा न होना भी बड़ा कारण है। इधर, ऊर्जा निगम के एसडीओ बीएम भट्ट का कहना है कि भुगतान न किए पर उच्च अधिकारियों के निर्देश पर शारदा हेडवर्क्स का कनेक्शन काटा गया है, जबकि शारदा हेडवर्क्स के अधिकारियों का कहना है कि उच्च अधिकारी ही कोई निर्णय लेंगे। ब्यूरो