चंपावत में प्रसव पूर्व लिंग निदान तकनीक अधिनियम संबंधी बैठक में मौजूद अधिकारी।
- फोटो : CHAMPAWAT
चंपावत। प्रसव पूर्व लिंग निदान तकनीक अधिनियम के तहत अपर जिलाधिकारी (एडीएम) शिवचरण द्विवेदी की अध्यक्षता में जिला सलाहकार समिति की बैठक मंगलवार को हुई। इसमें कार्यक्रम समन्वयक जीवन बगौली ने प्रोजेक्टर के माध्यम से समिति को जिले की स्थिति बताई।
कहा कि जिले में कुल नौ अल्ट्रासाउंड केंद्र हैं, जिनमें से चार सरकारी और पांच प्राइवेट अस्पतालों में हैं। वर्ष 2020-21 में जिले में जन्म पर शिशु लिंगानुपात प्रति 1000 बालकों पर 890 बालिकाएं था जो वर्ष 2021-22 के अक्तूबर तक प्रति 1000 बालकों पर 910 बालिकाओं का है।
एडीएम की ओर से लिंगानुपात बढ़ाने के लिए अतिरिक्त आवश्यक कदम उठाकर समय-समय पर अल्ट्रासाउंड केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिए। बैठक में उप जिला चिकित्सालय टनकपुर, एक निजी चिकित्सालय के अल्ट्रासाउंड संबंधी पंजीकरण नवीनीकरण पर चर्चा हुई।
बैठक में सीएमओ डॉ. केके अग्रवाल, एसीएमओ डॉ. इंद्रजीत पांडेय, डॉ. एलएम रखोलिया, जिला शासकीय अधिवक्ता रमेश उप्रेती, भास्कर मुरारी, जिला समन्वयक जीवन बगौली समेत कई लोग मौजूद रहे।