हल्द्वानी शहर के बनभूलपुरा मामले में सुप्रीम कोर्ट के संभावित फैसले को लेकर बुधवार को पूरे दिन क्षेत्र में चर्चाओं का दौर चलता रहा। हालांकि याचिकाकर्ता अब्दुल मतीन सिद्दीकी से जुड़े मामले में सुनवाई टलने के बाद सुप्रीम कोर्ट का फैसला नहीं आ सका। इससे क्षेत्र में लगाए गए सुरक्षा इंतजामों में भी ढील दी गई और आधी से अधिक फोर्स को वापस बुला लिया गया।
फैसले की संभावना को देखते हुए पुलिस-प्रशासन ने बनभूलपुरा क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी की थी। दो एसपी, पांच सीओ, 15 इंस्पेक्टर-एसओ, 10 चौकी प्रभारी, 45 दरोगा, 10 महिला दरोगा, 182 कांस्टेबल-हेड कांस्टेबल, 47 महिला सिपाही, दो कंपनी पीएसी के अलावा अग्निशमन विभाग की चार यूनिट, यातायात पुलिस की चार टीमें, बम निरोधक दस्ते की एक टीम, हॉक पुलिस की दो यूनिट, पुलिस लाइन से अतिरिक्त विशेष दस्ते तैनात किए गए थे। हालांकि सुनवाई टलने के बाद हालात सामान्य रहने पर बड़ी संख्या में पुलिस और सुरक्षा बल को वापस बुला लिया गया। कुछ संवेदनशील स्थानों पर फोर्स अभी भी तैनात है।
हर तरफ सन्नाटा, होती रहीं चर्चाएं
निगरानी जारी
फोर्स भले ही बनभूलपुरा क्षेत्र से हटा ली गई हो लेकिन पुलिस और खुफिया तंत्र की निगरानी लगातार बनी हुई है। सोशल मीडिया सेल भी नजर बनाए हुए है। वहीं अब भी कई संवेदनशील स्थानों पर फोर्स को तैनात रखा गया है। एसएसपी डॉ. मंजुनाथ टीसी ने बताया कि सुरक्षा व कानूनृ-व्यवस्था बनाए रखने के लिए फोर्स तैनात की गई थी। फैसला न आने पर कुछ पुलिसबल को क्षेत्र से हटा दिया गया है। निगरानी लगातार जारी है। उन्होंने अपील की है कि लोग किसी भी तरह की अफवाहों और भ्रामक खबरों का प्रचार प्रसार न करें।