लोहाघाट एसबीआई में लगी लोगों की भीड़।
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जिला मुख्यालय में नकदी का संकट बरकरार है। एसबीआई अन्य बैंक शाखाओं को अधिकतम पांच लाख रुपये दे रहा है। बीते मंगलवार को बैंक को एसबीआई की पिथौरागढ़ शाखा से तीन करोड़ रुपये मिले थे। जिसके बाद बृहस्पतिवार को एसबीआई ने छह बैंकों को 30 लाख रुपये की नकदी दी। ग्राहक धनराशि जमा करने के बजाय निकासी अधिक कर रहे हैं। जिस वजह से बैंकों को जैसे तैसे काम चलाना पड़ रहा है।
एसबीआई के उप प्रबंधक संजय अग्रवाल ने बताया कि बृहस्पतिवार को बैंक ने सहकारी बैंक के अलावा एसबीआई की पुलहिंडोला, पाटी, बाराकोट, खेतीखान और मंच शाखा को पांच-पांच लाख रुपये दिए। उन्होंने बताया कि कैश की कमी के चलते बैंकों को अधिकतम पांच लाख रुपये दिए जा रहे हैं।
उधर पिथौरागढ़ जिला सहकारी बैंक के शाखा प्रबंधक गजेंद्र राणा ने बताया कि वर्तमान में सात लाख रुपये बचे हैं। हालांकि एसबीआई से पांच लाख रुपये मिलने के बाद बैंक को मामूली राहत मिल सकी है। कैनरा बैंक के शाखा प्रबंधक गौरव गोस्वामी ने बताया कि बैंक को तीन दिन पूर्व टनकपुर शाखा से 16 लाख रुपये मिले हैं। जिससे नकदी संकट से मामूली राहत मिल सकी है।
सिर्फ कैनरा बैंक के एटीएम से निकली नकदी
चंपावत। जिला मुख्यालय में एसबीआई समेत अन्य बैंकों के 14 एटीएम हैं। लेकिन काफी लंबे समय से ये सभी एटीएम नकदी की कमी से बंद पड़े थे। बृहस्पतिवार को 13 एटीएम शोपीस बने रहे। कैनरा बैंक के शाखा प्रबंधक ने बताया कि एटीएम में चार लाख रुपये डाले गए। जिससे लोगों को राहत मिल सकी।
सीमित धनराशि दे रहा है एसबीआई
लोहाघाट। लोहाघाट एसबीआई ने नकदी संकट को देखते हुए ग्राहकों को धनराशि देना सीमित कर दिया है। यहां अधिकतम 50 हजार रुपये ही दिए जा रहे हैं। एटीएम भी नकदी की कमी से शो पीस बने हुए हैं। शहर में लगे छह एटीएम में से अधिकतर खाली हैं। बैंक में वरिष्ठ नागरिकों के लिए अलग काउंटर नहीं बनाने से लोगों को दिक्कतें हो रही हैं। शाखा प्रबंधक नरेंद्र कुमार का कहना है कि मांग के अनुरूप नकदी नहीं मिलने से संकट गहराता जा रहा है।