टनकपुर (चंपावत)। अभद्रता कर जान से मारने की धमकी देने के आरोप में करीब दो माह पूर्व दर्ज मुकदमे में आरोपी बनाए गए दो सभासद पुलिस की विवेचना में बेकसूर पाए गए हैं। इसलिए पुलिस ने दोनों सभासदों के नाम मुकदमे से हटा दिए हैं।
कई लोगों के एक साथ कोरोना संक्रमित मिलने पर प्रशासन ने शहर के वार्ड चार और सात के बस स्टेशन के पीछे के क्षेत्र को माइक्रो कंटेनमेंट क्षेत्र घोषित कर सील कर दिया था। इस दौरान जरूरी सामान के लिए परेशान हुए लोग कंटेनमेंट जोन की सीमा लांघकर एसडीएम से वार्ता करने तहसील पहुंच गए थे। उन्हें समझा-बुझाकर वापस भेजा गया तो कुछ देर बाद वार्ड के लोगों का वार्ड चार की सभासद हुआ अंसारी के पति वकील अंसारी और अन्य के साथ विवाद हो गया था। मामले में प्रीति सक्सेना की तहरीर पर पुलिस ने सभासद के पति के साथ ही दो सभासदों अमित भट्ट, योगेश पांडेय के खिलाफ आईपीसी का केस दर्ज कराया था। एसएसआई योगेश दत्त इस मामले की विवेचना कर रहे हैं। एसएसआई योगेश ने बताया कि मामले की विवेचना में आरोपी बनाए गए सभासद अमित और योगेश बेकसूर पाए गए हैं, जिसके बाद केस से उनके नाम हटा दिए गए हैं।