टनकपुर-पिथौरागढ़ एनएच पर निर्माणाधीन बारहमासी मार्ग पर रविवार दोपहर को स्वांला के पास चट्टान खिसक गई। इसके चलते करीब तीन घंटे तक राष्ट्रीय राजमार्ग पर आवाजाही ठप रही। जाम के चलते दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई जिसमें सैकड़ों मुसाफिर फंसे रहे।
आपदा नियंत्रण कक्ष के मुताबिक चंपावत से 22 किमी दूर स्वांला के पास दोपहर 1.25 बजे चट्टान खिसकने से रोड पर भारी मलबा आ गया। मलबे से कोई नुकसान तो नहीं हुआ लेकिन घंटों तक जाम लग गया। जाम के चलते टनकपुर और पिथौरागढ़ को जाने वाले यात्रियों को समस्या झेलनी पड़ी। एनएच पर वाहनों की लंबी कतार लग गई।
जिला आपदा नियंत्रण अधिकारी मनोज पांडेय ने बताया कि एनएच खंड और सड़क का निर्माण करा रही शिवालया कंपनी ने जेसीबी और अन्य उपकरणों के जरिए घंटों की मशक्कत से मलबे को हटाकर आवाजाही सुचारु की। शाम को करीब साढ़े चार बजे आवागमन सुचारु हो सका लेकिन दोनों तरफ वाहनों का जमावड़ा होने से आवाजाही सुचारुहोने में इसके बाद भी काफी समय लगा।
घाट के पास मलबा आने से शव लेकर जा रही एंबुलेंस रात भर फंसी रही
चंपावत। राष्ट्रीय राजमार्ग पर शनिवार रात घाट में लीसा डिपो के पास मलबा आने से शव लेकर जा रही एक एंबुलेंस रात भर फंसी रही। एंबुलेंस बरेली से गंगोलीहाट जा रही थी। वहीं दिल्ली से पिथौरागढ़ जा रही पिथौरागढ़ डिपो की 34 यात्रियों से भरी बस भी रात भर फंसी रही।
बस में बच्चे और महिलाएं भी थीं। सभी यात्रियों को रात भर भूखे रहना पड़ा। कनालीछीना के बलदेव भट्ट ने बताया कि बस पहले स्वांला के पास खराब हुई। टनकपुर से दूसरी बस मंगाकर पिथौरागढ़ को भेजी गई लेकिन मलबा आने से बस के यात्रियों को रात सड़क पर काटनी पड़ी।
लोगों का कहना है कि राष्ट्रीय राजमार्ग खंड के अधिकारियों और आपदा प्रबंधन विभाग को सूचित करने के बावजूद रात में मलबा हटाने के लिए कोई नहीं आया।
रविवार सुबह पर्व स्नान के लिए रामेश्वर जा रहे बंतोली के भवान सिंह फर्त्याल, काकड़ के प्रहलाद सिंह अधिकारी, एबट माउंट के नवीन आदि ने सड़क बंद होने की सूचना दी। इसके बाद रविवार सुबह जेसीबी से मलबे को हटाकर आवाजाही सुचारु की गई। इधर एनएच खंड के अधिशासी अभियंता एलडी मथैला का कहना है कि मलबा आने से सड़क बंद होने की सूचना विभाग को रात में नहीं मिली। सुबह जानकारी मिलने पर जेसीबी को भेज मार्ग खोल दिया गया।
चंपावत जिले के बंद चार ग्रामीण मार्ग:
अमोड़ी-छतकोट, स्याला-पोथ, पुनाबे-सिप्टी-न्याड़ी और रौसाल-डुंगराबोरा-कायल-मटियानी मोटर मार्ग।
चंपावत जिले में बारिश का आंकड़ा:
चंपावत: 20 एमएम।
लोहाघाट: 11 एमएम।
पाटी: 10.50 एमएम।
बनबसा: 5 एमएम।
घाट के पास मलबा आने से फंसे लोग।- फोटो : CHAMPAWAT