रीठा साहिब के जोड़ मेले को संपन्न हुए तीन दिन हो गए हैं, लेकिन मेले के बाद गंदगी दूर करने को लेकर प्रशासनिक अमले ने पीठ फेर रखी है। लधिया व रतिया नदी के तट पर मलबे का ढेर लगा है, तो रीठा साहिब और आसपास भी गंदगी का अंबार है। गंदगी के चलते इलाके में मच्छर भी पनप रहे हैं। प्रशासनिक लापरवाही से नाराज लोग ऐसी हालत में महामारी फैलने की आशंका जता रहे हैं।
रीठा साहिब में 7 जून से तीन दिन तक जोड़ मेला हुआ। मेले में विभिन्न स्थानों से हजारों तीर्थ यात्रियों ने शिरकत की। लेकिन मेले के बाद यहां गंदगी का अंबार है। जगह-जगह कूड़े के ढेर फैले हैं। रतिया व लधिया नदी के संगम पर मिट्टी और मलबा जमा हुआ है। रीठा साहिब गुरुद्वारा प्रबंधक बाबा श्याम सिंह सहित यहां के लोगों का कहना है कि नदी इस कदर गंदगी से पट गई है कि इसमें स्नान करना भी मुमकिन नहीं है। नागरिकों ने जिला पंचायत से तुरंत सफाई करा गंदगी से निजात दिलाने की मांग की है। वहीं जिला पंचायत के अपर मुख्य अधिकारी राजेश कुमार का कहना है कि क्षेत्र में सफाई के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
बता दें कि सिखों के प्रसिद्ध जोड़ मेले से एक दिन पूर्व 6 जून को रीठा साहिब पहुंच ढेरों विभागों के अधिकारियों ने सफाई अभियान चलाया था। लेकिन अब गंदगी बढ़ने पर न कोई अभियान चल रहा है और न ही प्रशासन की ओर से गंदगी से निजात दिलाने के लिए कोई उपाय किए गए हैं।