पंडित दीनदयाल उपाध्याय तीर्थयात्रा योजना के तहत रीठा साहिब पहुंचे देहरादून के तीर्थयात्री।
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हरिद्वार से यहां आए 37 बुजुर्ग तीर्थ यात्रियों ने पहली बार रीठा साहिब गुरुद्वारे के दीदार किए। गुरुद्वारे से लेकर रीठा साहिब की धर्मयात्रा से ये यात्री बेहद प्रफुल्लित थे। ज्यादातर तीर्थ यात्रियों ने यहां की यात्रा को बेहद यादगार बताते हुए फिर से आने की इच्छा जताई।
पंडित दीनदयात उपाध्याय मातृ-पितृ तीर्थाटन योजना के अंतर्गत 31 अक्तूबर से शुरू यह यात्रा यहां पहुंची। यात्रा दल में शामिल 12 महिलाओं सहित कुल 37 तीर्थयात्रियों का बुधवार को गुरुद्वारे के प्रबंधक बाबा श्याम सिंह ने स्वागत किया। उन्हें सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक जी के यहां के गुरुद्वारे के ऐतिहासिक महत्व की जानकारी दी गई। गाइड रमेश शर्मा के नेतृत्व में पहुंचे यात्रियों को मीठे रीठे को प्रसाद के रूप में वितरित किया गया।
यात्रा दल के सबसे बुजुर्ग यात्री हरिद्वार गुरुकुल कांगड़ी के सुखपाल सिंह (75) ने बताया कि यहां पहुंचने के बाद उनकी सारी थकान दूर हो गई। वहीं सबसे कम उम्र के यात्री ज्वालापुर के जनेंद्र कुमार (60) ने कहा कि इस घाटी के अद्भुत नजारे ने उन्हें भाव-विभोर कर दिया। पहले बार यहां पहुंचे यात्रियों ने कहा कि मौका लगने पर वे आगे भी यहां आएंगे। यह दल तीन नवंबर को वापस हरिद्वार पहुंच जाएगा। यात्रा दल ने हरिद्वार से रीठा साहिब की यात्रा के बीच नानकमत्ता गुरुद्वारे मेें भी मत्था टेका।