टनकपुर के पूर्णागिरि मार्ग पर बाटनागाड़ में आया मलबा। स्रोत:विभाग
टनकपुर (चंपावत)। पूर्णागिरि मार्ग पर बाटनागाड़ में सोमवार की रात मलबा आने से घंटों यातायात बंद रहा। लोनिवि ने रात में एक फंसा वाहन निकाला। मंगलवार सुबह मशीन से मलबा हटवाकर करीब 10 बजे मार्ग खोला गया। लोनिवि जेई मनीष जोशी ने बताया कि बारिश के चलते पूर्णागिरि मार्ग को शाम छह बजे से सुबह छह बंद तक बंद रखा जाता है। सोमवार की शाम मार्ग बंद होने के डेढ़-दो घंटे बाद ही बाटनागाड़ में मलबा आना शुरू हो गया। रात करीब 8:30 बजे एक निजी वाहन के फंसे होने की सूचना मिली। इस पर जेसीबी मशीन से मलबा हटाकर वाहन को निकाला गया। इसके बाद बारिश और तेज होने पर भारी मात्रा में मलबा मार्ग पर आ गया। उन्होंने बताया कि मलबा हटाने के लिए मौके पर दो पोकलेन और जेसीबी मशीन के साथ टीम 24 घंटे तैनात की गई है। संवाद
टनकपुर में बारिश से दर्ज, जनजीवन प्रभावित
टनकपुर/बनबसा (चंपावत)। क्षेत्र में रुक-रुक कर बारिश का क्रम मंगलवार को भी दिन भर जारी रहा। इससे जनजीवन प्रभावित रहा। शाम चार बजे तक 41 मिमी बारिश दर्ज की गई। शारदा नदी का जलस्तर भी शाम चार बजे 1.01 लाख रिकाॅर्ड हुआ। घाट के पास जल पुलिस और प्रशासन की टीम अलर्ट मोड पर रहीं। एसडीएम आकाश जोशी ने बताया कि शारदा घाट क्षेत्र के लोगों को सतर्क किया गया है। इधर, बनबसा में पिछले 24 घंटों में 18 मिमी बारिश हुई। क्षेत्र के ग्रामीण इलाकों के कच्चे रास्तों पर कीचड़ होने से लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। शारदा नदी का जलस्तर एक लाख क्यूसेक से अधिक रहने के कारण बैराज पर वाहनों का दूसरे दिन भी बंद रखा गया। इस कारण भारत-नेपाल के बीच आवागमन करने वालों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। दोपहर एक बजे नदी का जलस्तर 1,04,083 क्यूसेक दर्ज किया गया। यूपी सिंचाई विभाग के शारदा हेडवर्क्स के एसडीओ प्रशांत कुमार ने बताया कि जलस्तर एक लाख क्यूसेक से कम होने पर बैराज से बड़े वाहनों का संचालन शुरू किया जाएगा। संवाद