लोहाघाट (चंपावत)। क्षेत्र में दो दिन से हो रही बारिश ने किसानों के मुरझाए चेहरों पर मुस्कान ला दी है। मुरझाई फसलों के लिए यह बारिश संजीवनी साबित हुई है।
लंबे समय से बारिश न होने से किसानों की फसलें सूखने की कगार पर पहुंच चुकी थीं। किसानों ने कर्ज लेकर खेतों में महंगे बीज लगाए थे मगर पानी के अभाव में फसलों के चौपट होने की चिंता से किसान परेशान थे, मगर बृहस्पतिवार दोपहर से क्षेत्र में झमाझम बारिश शुरू हो गई। लंबे समय बाद हुई यह बारिश किसानों की फसलों के लिए वरदान साबित हुई। प्रगतिशील किसान रघुवर मुरारी, उर्वा दत्त चौबे, गणेश राय, बल्देव राय, मोहन बगौली आदि ने बताया कि यह बारिश उनकी फसलों के लिए काफी फायदेमंद साबित होगी।
उन्होंने बताया कि बाजारों से 30 से 40 रुपये किलो आलू का बीज खरीदकर खेतों में लगाया था, बारिश न होने से वह जम नहीं पा रहा था। बारिश के बाद इसका जमाव शुरू हो जाएगा। एडीओ उद्यान आशीष रंजन खर्कवाल ने बताया कि बारिश के बाद खेतों में अच्छी नमी आ गई है, उन्होंने किसानों को नर्सरी में तैयार शिमला मिर्च, बैगन, गोभी, राजमा, खीरा, लौकी आदि के पौधों को खेतों में लगाने का सुझाव दिया है।