नंधौर वन्यजीव अभयारण्य में पर्यटकों के लिए सुविधाओं का विस्तार भले ही न हो पाया हो, लेकिन जंगल सफारी के लिए पर्यटक अब दूर-दूर से आने लगे हैं। देहरादून से आए अंतरराष्ट्रीय वॉलीबाल खिलाड़ी वाई सुब्बा राव एवं हॉकी खिलाड़ी शेखर मिश्र ने पत्नी और बच्चों के साथ अभयारण्य में करीब आठ घंटे तक जंगल सफारी का लुत्फ उठाया। तीन शावकों के साथ मार्ग पार करती बाघिन, हाथी, कांकड़, मोर, बारहसिंघा, चीतल के दिखाई देने से वह खासी उत्साहित नजर आए। उन्होंने कहा कि नंधौर अभयारण्य में जंगल सफारी जिम कार्बेट से बेहतर है।
नेचर गाइड सौरभ कलखुड़िया की पहल पर शनिवार को देहरादून में ओएनजीसी में कार्यरत अंतरराष्ट्रीय वॉलीबाल खिलाड़ी वाई सुब्बरा राव एवं अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी शेखर मिश्रा पत्नी और बच्चों के साथ अभयारण्य में जंगली सफारी को पहुंचे। उन्होंने सुबह सात से दोपहर तीन बजे तक जंगल सफारी का लुत्फ उठाया। सेनापानी स्थित वन विभाग के गेस्ट हाउस में अल्प विश्राम किया, फिर कठौल, सेनापानी होते हुए चकरपुर मार्ग से जंगल सफारी करते अभयारण्य से बाहर निकले। उन्होंने सेनापानी के पास तालाब में महाशीर एवं गोल्डन प्रजाति की मछलियों को नजदीक से निहारने का आनंद उठाया और नालों में वाटर जंपिंग का भी लुत्फ लिया। नेचर गाइड सौरभ कलखुड़िया ने बताया कि वे इससे पहले भी पर्यटकों को जंगल सफारी करा चुके हैं, लेकिन यह पहला मौका था जब इतनी प्रजाति के वन्यजीव व पक्षी दिखाई दिए।