टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग में निर्माणाधीन बारहमासी सड़क में तिलौन के पास लगे जाम में फंसी एंबुलैंस।
- फोटो : अमर उजाला
टनकपुर-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर बारहमासी सड़क निर्माण कार्य के दौरान लगे जाम ने वर्ष के आखिरी दिन भी लोगों को परेशानी में डाला। सोमवार को एनएच में तिलौन के पास लगे जाम में हायर सेंटर जा रही एंबुलेंस करीब 35 मिनट तक फंसी रही। इसके अलावा ढेरों दूसरे वाहन भी फंसे रहे।
बारहमासी सड़क पर इन दिनों कटिंग का काम चल रहा है। इस वजह से 150 किलोमीटर लंबे मार्ग पर चार-पांच स्थानों पर जाम लग रहा है। जाम की वजह से आवाजाही मेें लोगों को अतिरिक्त समय लग रहा है। 150 किमी के इस मार्ग पर सामान्य आवाजाही छह घंटे में होती है, लेकिन इन दिनों इस फासले को तय करने में आठ घंटे से अधिक का वक्त लग रहा है।
इधर एनएच के लोहाघाट खंड के अधिशासी अभियंता एलडी मथैला का कहना है कि निर्माण के दौरान एक वक्त में किसी भी हाल में 30 मिनट से अधिक आवाजाही नहीं रोकने की हिदायत दी गई है।
बारहमासी रोड में धूल से आवाजाही हुई मुश्किल
बारहमासी रोड में पानी का कायदे से छिड़काव नहीं करने से लोगों का धूल से जीना मुहाल हो रहा है। धूल के कारण आवाजाही जोखिमभरी होने के साथ हादसों का अंदेशा भी रहता है। दीपक सिंह, होशियार सिंह, चंद्रशेखर, दयाल राम आदि का कहना है कि सड़क में पानी का पर्याप्त छिड़काव नहीं होने से धूल के कारण वाहन संचालन में दुश्वारी झेलनी पड़ रही है।
सड़क में उड़ने वाली धूल से आगे से आने वाले वाहन ठीक से दिखाई नहीं देते हैं। जिससे हादसों का खतरा बना रहता है। वहीं सड़कों के किनारे रहने वाले ग्रामीणों का भी धूल से बुरा हाल है। ग्रामीणों का कहना है कि धूल के कारण उनके द्वारा खेतों में बोए गए हरे चारे, सब्जियों में धूल बैठ जाती है।
सड़क के किनारे के घरों में भी धूल का अंबार लग रहा है। लोगों ने नियमों की अनदेखी पर लगाम कसने के अलावा कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। एनएच के अधिशासी अभियंता एलडी मथेला का कहना है कि समय-समय पर पानी का छिड़काव करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्देशों का पालन न करने वाली कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।