पांच नवंबर से अपनी मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार कर रहे अतिथि शिक्षकों ने मंगलवार को मुख्य शिक्षा अधिकारी (सीईओ) कार्यालय में प्रदर्शन कर राज्य सरकार को आड़े हाथों लिया। अतिथि शिक्षकों ने जमकर नारेबाजी कर आक्रोश जताया।
उनका कहना था कि अतिथि शिक्षक बीते पांच नवंबर से अपने सुरक्षित भविष्य के लिए निरंतर आंदोलनरत हैं, लेकिन सरकार द्वारा अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। अतिथि शिक्षकों का कहना था कि उन्हें एस्मा लगाए जाने का कोई खौफ नहीं है। यदि उनका भविष्य ही सुरक्षित नहीं रहेगा तो एस्मा से क्या डरना। अतिथि शिक्षक संगठन जिलाध्यक्ष पारस जुकरिया और महामंत्री मोहन चिलकोटी के नेतृत्व में कार्य बहिष्कार और प्रदर्शन करने वालों में संजीव कुमार भट्ट, जीवन लाल, बृजेश पनेरू, पंचदेव पांडेय, शेर सिंह भंडारी, अमित गहतोड़ी आदि गेस्ट टीचर शामिल रहे।
टनकपुर। अतिथि शिक्षकों का धरना 11वें दिन जारी रहा। संगठन के संरक्षक दीपक बिष्ट के नेतृत्व में चल रहे बेमियादी धरना में लक्ष्मी चंद, नीलम चंद, मनीषा गोस्वामी, हिमानी पंत, प्रियंका, रोमा कठायत, अंकिता, मोनिका जोशी, पुष्पा पाठक, नेहा, प्रीति, रूबी गंगवार, ममता, अंजू, भारती, मोमीन, संगीता, कविता, नूरीन, शीला जोशी, कमलेश नाथ, राजीव कुमार, सुनील कुमार भट्ट, नवीन, सुुनील आदि शामिल थे।