डीएम एसएन पांडेय ने मां श्री पूर्णागिरि धाम का दौरा कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और काली मंदिर स्थित मंदिर समिति कार्यालय में अधिकारियों एवं पुजारियों की बैठक ली। उन्होंने नवरात्र से पहले बिजली, पानी, सड़क आदि व्यवस्थाएं दुरुस्त करने के निर्देश दिए। रोपवे निर्माण कार्य की सुस्त गति पर डीएम ने नाराजगी जताते हुए कार्यदायी कंपनी प्रतिनिधियों को निर्माण में तेजी लाने एवं तय समय दिसंबर 2019 तक कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। डीएम ने निर्माणाधीन टनकपुर-जौलजीबी मोटर मार्ग का भी निरीक्षण किया और निर्माण कार्य के बारे में जानकारी लेकर कार्यदायी विभाग को जरूरी निर्देश दिए।
रविवार को विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ पूर्णागिरि धाम पहुंचे डीएम ने मुख्य मंदिर तक भ्रमण कर पिछले दिनों बारिश से छिन्न-भिन्न हुई धाम क्षेत्र की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने ज्वाला देवी मंदिर के पास से काली मंदिर तक बन रहे रोपवे निर्माण स्थल का निरीक्षण कर कार्यदायी केआर आनंद कंपनी के प्रतिनिधियों को निर्माण में तेजी लाने एवं तय समय पर काम पूरा करने को कहा।
उन्होंने लोनिवि के सहायक अभियंता एपीएस बिष्ट को मार्ग पर आए मलबे और पत्थरों को हटाने के निर्देश दिए। वहीं मंदिर समिति को प्रसाद एवं पूजा सामग्री की बिक्री में पॉलिथीन का प्रयोग न करने, सफाई पर विशेष ध्यान देने को कहा। डीएम ने मंदिर के ट्रीटमेंट के लिए की जा रही कार्रवाई की जानकारी ली और कार्य शुरू कराने को संबंधित कंपनियों को पत्र भेजने के निर्देश दिए।
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बैठक में ये अधिकारी थे मौजूद
एसडीएम अनिल गर्ब्याल, एआरटीओ रश्मि भट्ट, रोडवेज आरएम सीपी कपूर, एआरएम श्रीराम कौशल, सीएमएस एचएस ह्यांकी, ईओ जयवीर सिंह राठी, लोनिवि एई एपीएस बिष्ट, जेई जल संस्थान बीएस कुवार्बी, एसडीओ विद्युत शोएब रजा, जेई नरेंद्र श्रीवास्तव, जिला पंचायत के कार्यकारी अधिकारी भगवत पाटनी, पीआईयू के एई अनुपम राय, जेई वीएस पोखरिया, मंदिर समिति अध्यक्ष भुवन चंद्र पांडेय, उपाध्यक्ष नीरज पांडेय, सचिव गिरीश पांडेय, कोषाध्यक्ष कैलाश पांडेय, मंदिर समिति पूर्व अध्यक्ष किशन तिवारी, मोहन पांडेय, नेत्रबल्लभ तिवारी, महेश पांडेय, सुरेश तिवारी आदि।