जोड़ मेला निपटा, अब गंदगी का अंबार
- फोटो : अमर उजाला
19 मई से तीन दिन तक चला श्रीरीठा साहिब का जोड़ मेला शांतिपूर्वक संपन्न हो गया। मेला खत्म होने के बाद इलाके में गंदगी का अंबार है। वहीं प्रशासनिक स्तर पर मेले में खास सहयोग नहीं करने का आरोप लग रहा है।
तीन दिनी जोड़ मेले में एक लाख से अधिक तीर्थयात्रियों ने श्रीरीठा साहिब गुरुद्वारे में मत्था टेका। भारी भीड़ और मेले में सरकारी स्तर पर कारगर व्यवस्था नहीं होने से जबर्दस्त गंदगी है। अस्थायी शौचालय आदि का निर्माण नहीं किए जाने से भारी असुविधा हुई। मेला खत्म होने के बाद लधिया नदी के आसपास कूड़े के ढेर और गंदगी का अंबार रहा। लोगों का कहना है कि इस बार मेले में प्रशासनिक स्तर पर सक्रिय भूमिका नहीं निभाई गई। अस्थाई शौचालयों से लेकर पार्किंग आदि की बेहद जरूरी व्यवस्था की तरफ से पीठ फेरा।
लोगों का कहना है कि गंदगी की वजह से घाटी में महामारी का खतरा बढ़ रहा है। जबकि इलाके की साफ-सफाई से लेकर स्वास्थ्य व्यवस्था तक ठीकठाक नहीं है। लोगों का कहना है कि अब वे खुद मिलजुल कर कूड़े के ढेरों को साफ करेंगे।
2500 लोगों को बंटी निशुल्क कानूनी पुस्तकें
श्रीरीठा साहिब (चंपावत)। श्रीरीठा साहिब में तीन दिनी जोड़ मेले में पैरा लीगल वालंटियर ने लगातार तीन दिनों तक कानूनी जानकारी दी गई। वहीं इस दौरान 2500 लोगों को निशुल्क कानूनी जानकारी से संबंधित पुस्तकेें बांटी गई। पीएलवी हयात राम और उमेश भट्ट ने कानूनी जानकारी दी।