मार्च 2017 तक पीलीभीत-टनकपुर के बीच मीटर गेज को ब्राडगेज में बदलने का कार्य पूरा हो जाएगा।
इसके अलावा लंबी दूरी की ट्रेनों के संचालन के लिए प्रमुख वाशिंग पिट भी जून 2018 में पूरा हो जाएगा। हालांकि, वर्तमान में बरसात से कई कार्यों में बाधा आ रही है, लेकिन कार्य में तेेजी से अधिकारी भी समय से रेल संचालन के प्रति उत्साहित हैं।
समय से कार्य पूरा होने पर कुमाऊं के प्रवेश द्वार टनकपुर से दिल्ली समेत कई महानगरों के लिए सीधे एक्सप्रेस रेल सेवा का सपना साकार होगा।
कुछ दशकों से मीटर गेज के दौर को गुजरे जमाने का मानते हुए क्षेत्र की जनता एक्सप्रेस ट्रेन से दिल्ली-मुंबई तक रेल सुविधा की मांग उठती रही है। इस बीच रेलवे की ओर से पहल हुई और 17 जून 2016 को रेलवे ने मीटर गेज पर संचालन बंद कर ब्राडगेज का कार्य शुरू किया।
इतना ही नहीं टनकपुर रेलवे स्टेशन पर वाशिंग पिट और आधुनिक स्टेशन के निर्माण की भी प्रक्रिया शुरू हुई है। इधर, बीते तीन माह में रेलवे की ओर से टनकपुर-पीलीभीत के बीच 80 प्रतिशत हिस्से में ब्राडगेज लाइन बिछाने का कार्य पूरा होने को है। साथ ही टनकपुर, बनबसा, खटीमा, चकरपुर आदि स्टेशनों में कार्य तेज है।
टनकपुर रेलवे स्टेशन अधीक्षक केडी कापड़ी ने बताया कि मार्च 2017 तक कार्य पूरा करने का लक्ष्य है। इसके बाद ब्राडगेज में रेलों का संचालन हो सकेगा। साथ ही वाशिंग पिट निर्माण के लिए भी टेंडर हुआ है। इसका निर्माण भी जून 2018 तक पूरा होना है।
वर्तमान में पूर्वोत्तर रेलवे की ओर से बरेली-टनकपुर के बीच पीलीभीत में भी ट्रेनों की धुलाई के लिए वाशिंग पिट नहीं बना है। अब टनकपुर में करीब 750 मीटर लंबा वाशिंग पिट बनाया जा रहा है। वर्तमान में कुमाऊं में रामनगर, लालकुआं के बाद यह तीसरा वाशिंग पिट होगा। बताया गया कि रेलवे की ओर से बरेली-भोजीपुरा के बीच ब्राडगेज का कार्य अंतिम चरण में है, जो सितंबर 2016 तक पूर्ण कर इसमें रेलों का संचालन शुरू होने की उम्मीद है।