जिला मुख्यालय की सफाई व्यवस्था के हाल बुरे हैं। इसे लेकर आम लोग ही नहीं, अब खुद सभासद भी गुस्से में हैं। यहां तक कि कूड़ेदान से कूड़ा भी समय पर नहीं उठ पा रहा है। छतार की सभासद ने गंदगी से निजात नहीं दिलाने पर आंदोलन का अल्टीमेटम दिया है।
छतार वार्ड में गंदगी का आलम यह कि कूड़े के ऊंचे ढेरों से लोगों का जीना मुश्किल हो रहा है। विवाह स्थल के आसपास के कूड़े के ढेर नहीं उठ पा रहे हैं। तल्ली मांदली, त्यारकुड़ा, जीआईसी रोड, कलक्ट्रेट रोड और पूल्ड हाउस कलौनी के आसपास की सफाई ठीक नहीं है। सभासद शकुंतला गोस्वामी का कहना है कि बार-बार आग्रह करने पर भी तल्ली मांदगली में विवाह कार्यक्रम के दिन भी भरे कूड़ेदान से कूड़े को पालिका द्वारा नहीं हटवाया गया। उन्होंने जल्द सफाई व्यवस्था में सुधार नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। इस संबंध में पालिका के अधिशासी अधिकारी को ज्ञापन दिया गया है।
उधर, अधिशासी अधिकारी अभिनव कुमार का कहना है कि कूड़ा उठाने वाली गाड़ी के दूसरी जगह जाने से तल्ली मांदगी का कूड़ा नहीं उठाया जा सका। इस कूड़े को हटाने की कार्रवाई की जा रही है। तीन किलोमीटर से ज्यादा परिधि में फैली पालिका के पास मात्र दो कूड़ागाड़िया है।
श्रीरीठा साहिब में जला कर नष्ट किया कूड़ा
श्रीरीठा साहिब (चंपावत)। 19 मई से शुरू होकर तीन दिन तक चले जोड़ मेले के खत्म होने के बावजूद यहां गंदगी से लोगों को निजात नहीं मिल सकी है। मेले में एक लाख से अधिक तीर्थयात्रियों के आने के बावजूद प्रशासन द्वारा सफाई का कोई बंदोबस्त नहीं किया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि प्रशासन की अनदेखी की वजह से मेले के बाद चौतरफा गंदगी रही। लोगों ने गंदगी से निजात दिलाने के लिए खुद ही सफाई का अभियान चलाया। लधिया नदी के आसपास फैले कूड़े को जलाकर नष्ट किया गया।