स्कूटी और टिप्प्पर की भिड़ंत में गंभीर रूप से घायल लोनिवि लोहाघाट में कनिष्ठ सहायक पद पर कार्यरत पुष्कर सिंह (30) पुत्र हयात सिंह निवासी तल्ली जिंडी बाराकोट को खटीमा को ले जाते वक्त रास्ते में मौत हो गई है। मृतक का अंतिम संस्कार रामेश्वर घाट में किया गया। लोनिवि कर्मी ने हेलमेट नहीं पहना था, जिस कारण उसके सिर पर गंभीर चोटें आई थी।
शुक्रवार को गलचौड़ा के पास करीब तीन बजे हुई दुर्घटना में पुष्कर सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए थे, जिस कारण उनका सीएचसी लोहाघाट में प्राथमिक इलाज कर उन्हें हायर सेंटर रेफर कर दिया था। घायल को खटीमा ले जाया जा रहा था। देर रात खटीमा पहुंचने से पहले ही घायल ने दम तोड़ दिया, जिसका पोस्टमार्टम लोहाघाट में किया गया। अंतिम संस्कार में लोनिवि चंपावत और लोहाघाट के कर्मियों समेत बाराकोट और लोहाघाट के लोग बड़ी संख्या शामिल रहे। बाद में लोनिवि कर्मियों की शोक सभा में दो मिनट का मौन रखा।
कोई भी सेवाकाल पूरा नहीं कर पाया
यह संयोग की ही बात है कि मृतक के परिवार में कोई भी व्यक्ति राजकीय सेवाकाल पूरा नहीं कर पाया। पुष्कर के पिता हयात सिंह अधिकारी उर्फ डिप्टी साहब लोनिवि में चालक के पद पर कार्यरत थे। सेवा के दौरान मृत्यु होने पर उनके स्थान पर उनके अविवाहित बेटे इंद्र सिंह को नौकरी मिली। उनका भी अल्पायु में ही निधन हो गया, जिसके बाद उनके स्थान पर उनके भाई पुष्कर को सेवा का अवसर मिला, जहां वह कनिष्ठ सहायक के रूप में लोनिवि में कार्यरत थे। इनकी भी अल्पायु में ही मौत हो गई है। इस हादसे के बाद मृतक की पत्नी अपनी सुधबुध खोई हुई है और परिवार के अन्य लोग भी बेहद सदमे में है।
बाइक-स्कूटी भिड़ी, हेलमेट ने बचाई जान
चंपावत। गोरलचौड़ रोड पर लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता कार्यालय के पास बाइक और स्कूटी की आमने-सामने भिड़ गई। दुर्घटना में दोनों वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। अलबत्ता वाहन सवार बच गए। बाइक (यूके 03/7026) पर लोकेंद्र और शिवा गोरलचौड़ रोड से बाजार को आ रहे थे। तभी विपरीत दिशा से आ रही एक स्कूटी से उनकी बाइक की भिड़ंत हो गई। जगह संकरी होने और तेज गति की वजह से दोनों वाहनों में भिड़ंत हुई। दोनों वाहन चालकों के हेलमेट पहने होने से चोटिल होने से बच गए। अलबत्ता मोटर साइकिल और स्कूटी दोनों बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए।