चंपावत। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रेम सिंह खिमाल ने नाबालिग के साथ दुराचार के आरोपी को सात साल सश्रम कारावास और 55 हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
चार जुलाई 2017 को स्कूल जाने के बाद नाबालिग लापता हो गई थी। परिजनों ने पांच जुलाई को लोहाघाट थाने में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पुलिस ने छात्रा को बरामद करते हुए ग्राम नसखोला, पोस्ट मल्ला खतेड़ा थाना पंचेश्वर निवासी प्रदीप कुमार (20) को गिरफ्तार किया था। नाबालिग ने पुलिस को बताया था कि प्रदीप उसे बहला फुसलाकर अपने साथ ले गया था और उसके साथ दुष्कर्म किया। पुलिस ने प्रदीप के खिलाफ 3/4 पॉक्सो, आईपीसी की धारा 363, 376, 366 (ए) आदि धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था।
मामले की सुनवाई करते हुए जिला एवं विशेष सत्र न्यायाधीश ने आरोपी को पॉक्सो और दुष्कर्म का दोषी पाते हुए सात साल सश्रम कारावास और 55 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने पर एक साल का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक विद्याधर जोशी ने पैरवी की।