चंपावत। जिला एवं विशेष सत्र न्यायाधीश आशीष नैथानी ने नाबालिग से दुष्कर्म के मामले में अभियुक्त को सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अभियुक्त पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है, जिसकी अदायगी न करने पर अभियुक्त को एक साल का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
25 जून 2019 को टनकपुर के वार्ड नंबर तीन आंबेडकरनगर निवासी महिला ने पुलिस को सौंपी तहरीर में घसियारा मंडी टनकपुर निवासी नरेंद्र श्रीवास्तव पर 10वीं में पढ़ने वाली उसकी नाबालिग बेटी को बहला-फुसलाकर भगा ले जाने का आरोप लगाया था। पुलिस ने अभियुक्त के खिलाफ धारा 363, 376 और पॉक्सो की धारा 3/4 के तहत मामला दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया था। मामले में शनिवार को दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलों, पुलिस साक्ष्यों और स्वास्थ्य परीक्षण रिपोर्ट के आधार पर जिला एवं विशेष सत्र न्यायाधीश आशीष नैथानी ने दोषी को सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष अभियोजक पॉक्सो विद्याधर जोशी ने पैरवी की।