लोहाघाट। छुट्टी लेकर घर आ रहे एक फौजी की पिरुल में पांव फिसलने से मौत हो गई। फौजी एक माह के अवकाश पर धारचूला से अपने गांव आ रहा था। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है। अंतिम संस्कार ऋषेश्वर घाट में किया गया।
सेना की कुमाऊं स्काउट धारचूला में कार्यरत बलवीर चंद्र गहतोड़ी (35) बृहस्पतिवार को एक माह के अवकाश पर अपने गांव गहतोड़ी के कापड़ी तोक आ रहे थे। धूनाघाट के पास रात करीब नौ बजे उनका पांव फिसला और वह करीब 100 मीटर नीचे खाई में जा गिरा। फौजी की मौके पर ही मौत हो गई। वह अपने पीछे माता-पिता के अलावा पत्नी और दो बच्चे छोड़ गए हैं।
मृतक के चचेरे भाई सुरेश गहतोड़ी और भाजपा नेता हिमेश कलखुड़िया ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। थानाध्यक्ष मनोज रतूड़ी और दरोगा जनार्दन भट्ट ने मौके पर पहुंच लोहाघाट में पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। पोस्टमार्टम कर रहे मुख्य चिकित्साधीक्षक डा.पीडी पंगरिया ने बताया कि मृतक के गर्दन की भी हड्डी टूटी हुई थी।