चंपावत। चंपावत अस्पताल कालोनी में हुई चोरी को 50 दिन बीत गए हैं, लेकिन खुलासे में पुलिस के हाथ अब भी खाली हैं। मामले में पुलिस ने जांच अधिकारी को बदल दिया है। वहीं कोतवाल सलाउद्दीन खान का कहना है कि संदिग्ध लोगों पर नजर रखी जा रही है। ऐसे लोगों के मोबाइल फोन को सर्विलांस पर रखा गया है।
24 सितंबर की रात चोरों ने अस्पताल कालोनी में रहने वाले जिला अस्पताल के लिपिक खीम सिंह बिष्ट के आवास का ताला तोड़कर दो लाख से अधिक के आभूषण चुरा लिए थे। पुलिस ने चोरों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 457 और 380 के तहत मामला दर्ज कर बाजार चौकी प्रभारी जगत सिंह सामंत को जांच अधिकारी बनाया। चोरी की इस वारदात में पुलिस के हाथ अब तक पूरी तरह खाली है। 50 दिन बाद भी पुलिस अंधेरे में तीर चला रही है।
कोतवाल सलाउद्दीन खान का कहना है कि अब तक 25 लोगों से पूछताछ कर चुकी है। लेकिन अभी तक वह चोरों तक नहीं पहुंच सकी है। अब जांच अधिकारी को बदल दिया गया है। चंपावत चौकी प्रभारी जगत सिंह के स्थान पर दरोगा ललित पांडेय को नया जांच अधिकारी बनाया गया है। इसके अलावा दरोगा आरएस डांगी के नेतृत्व में भी टीम तफ्तीश कर रही है। साथ ही संदिग्धों के मोबाइल फोन को सर्विलांस पर लगाया गया है।