चंपावत। चंपावत जिले के लिए नव नियुक्त चार चिकित्साधिकारियों ने डेढ़ महीने से अधिक बीतने के बाद भी पदभार नहीं संभाला है। अब विभाग ने कार्यभार ग्रहण नहीं करने वाले डॉक्टरों को आखिरी चेतावनी जारी करते हुए सेवाएं समाप्त करने का अल्टीमेटम दिया है।
इस साल अगस्त के शुरू में नियुक्त हुए नए डॉक्टरों में से चार डॉक्टरों को चंपावत जिले भेजा गया था। डॉ.पी राजशेखर को टनकपुर संयुक्त अस्पताल और डॉ.मुजफ्फर अली, डॉ.आदित्य चौहान तथा डॉ. निहारिका जोशी को चंपावत जिला अस्पताल में तैनाती मिली थी। इन डॉक्टरों ने अभी तक ज्वाइनिंग नहीं की गई है। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. आरपी खंडूरी ने बताया कि कार्यभार ग्रहण नहीं करने वाले डॉक्टरों की जानकारी चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण महानिदेशालय भेजी जा चुकी है। साथ ही ज्वाइन नहीं करने वाले चिकित्सकों की सेवा समाप्ति की चेतावनी भी महानिदेशक ने जारी की है।
इसी तरह, लधिया घाटी के केंद्र स्थल चौड़ापित्ता (रीठा साहिब) के डॉक्टर सोनू उपाध्याय को पिथौरागढ़ स्थानांतरित किया गया है, लेकिन उनके स्थान पर यहां किसी को भेजा नहीं गया है। नागरिकों की मांग के बाद सीएमओ डॉ. आरपी खंडूरी ने चौड़ापित्ता के डॉक्टर के स्थानांतरण को रोकने अथवा उनके स्थान पर किसी डॉक्टर को भेजने का आग्रह करते हुए निदेशक को पत्र भेजा है। सीएमओ ने पत्र में लिखा है कि लधिया घाटी के टांण और भिंगराड़ा अस्पताल में भी डॉक्टर नहीं है।