मां पूर्णागिरि का डोला लेकर दर्शन को पैदल पहुंची भक्तों की टोली।
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सुप्रसिद्ध मां पूर्णागिरि मेले की रौनक पर लोकसभा चुनाव का कोई असर नहीं है। मतदान से एक दिन पहले बुधवार को नवरात्र की पंचमी पर भी देवी मां के दर्शन के लिए धाम में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी। करीब पैंतालीस हजार श्रद्धालुओं ने देवी मां के दर्शन कर मनोकामनाएं मांगी। पुलिस फोर्स कम होने के कारण श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करने में पुलिस कर्मियों के साथ-साथ स्वयंसेवकों ने भी अहम भूमिका निभाई।
उत्तर भारत के विभिन्न जगहों से भक्तों की टोलियां देवी मां के डोलों के साथ कई किलोमीटर का पैदल सफर कर दर्शन को पहुंच रहे हैं। बृहस्पतिवार को लोकसभा के लिए मतदान होना है, लेकिन देवी भक्तों की आस्था पर चुनाव का कोई असर नजर नहीं आ रहा है। श्रद्धालुओं की आवाजाही का सिलसिला लगातार बना हुआ है। मां के दरबार में हर दिन हजारों की संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मंदिर समिति अध्यक्ष पं. भुवन चंद्र पांडेय के मुताबिक बुधवार को करीब पैंतालीस हजार से अधिक भक्तों ने दर्शन कर पुण्य अर्जित किया।
बाबा सिद्धनाथ के दर्शन को नेपाल नहीं जा सके श्रद्धालु
लोकसभा चुनाव के मद्देनजर भारत-नेपाल सीमा सील होने के कारण श्रद्धालुु बाबा सिद्धनाथ के दर्शन के लिए नेपाल नहीं जा सके। श्रद्धालुओं को बाबा सिद्धनाथ के दर्शन किए बगैर लौटना पड़ा। बता दें कि धार्मिक मान्यता के अनुरूप मां पूर्णागिरि के दर्शन उपरांत नेपाल स्थित बाबा सिद्धनाथ मंदिर के दर्शन कर श्रद्धालु अपनी यात्रा पूरी करते हैं।