पाटी (चंपावत)। धरौंज गांव में पेयजल के लिए हाहाकार मचा हुआ है। करीब दो माह से यहां के नल सूखे पड़े हुए हैं। ग्रामीणों ने जल संस्थान पर उनकी समस्या की ओर पीठ करने का आरोप लगाते हुए समस्या का समाधान नहीं होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
दीपक जोशी, यमुना प्रसाद, भगवान राम, ईश्वर राम, पुष्पा देवी, सीमा जोशी, चम्पा देवी, गीता देवी आदि का कहना है कि गांव के स्रोत में पर्याप्त मात्रा में पानी होने के बावजूद भी गांव की बड़ी आबादी पानी से वंचित हो गई है। लंबे समय से नलों में एक बूंद पानी की नहीं टपकी है। गांव के लोग 500 मीटर से अधिक दुर्गम रास्तों को तय कर गाड़-गधेरे और नौलों से पानी लेने को मजबूर हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पेयजल लाइन खुली होने के कारण अराजक तत्व इसमें तोड़फोड़ करते रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि पेयजल समस्या की कई बार जानकारी देने के बावजूद कोई कदम नहीं उठाया गया है।
जल संस्थान के कनिष्ठ अभियंता चंद्रशेखर पंत का कहना है कि कुछ ग्रामीण लाइन में लगे हुए कंट्रोलर को बार-बार खोल रहे हैं। इस कारण ऊंचाई वाले घरों तक पानी की आपूर्ति नही हो पा रही है। इसे ठीक करने के लिए एक टीम भेजी जा चुकी है।