टनकपुर (चंपावत)। शारदा नदी इन दिनों प्रवासी साइबेरियन पक्षियों का आशियाना बनी हुई है। साइबेरिया में बढ़ती ठंड के चलते साइबेरियन पक्षी अक्तूबर और नवंबर माह में भारतीय उपमहाद्वीप में आ जाते हैं। इन दिनों टनकपुर, बनबसा में शारदा नदी वा इन पक्षियों ने अपना डेरा जमाया है।
अप्रैल से मई माह के बीच ये वापस अपने वतन को लौटना शुरू करेंगे। गौरतलब है कि यूरेशियाई देशों में ठंड बढ़ने के साथ ही प्रतिवर्ष हजारों की संख्या में साइबेरियन पक्षी मध्य चीन, मंगोलिया होते हुए भारत पहुंचते हैं। जिनमें साइबेरियन क्रेन की ग्रेट ब्लैक हैडेडगल, वारहे डेडगीज, ब्लैक आइस, मलार्ड, कामन सैल्डक आदि प्रजाति के पक्षि शामिल हैं। ये पक्षि हजारों की संख्या में झुंड के साथ शीत कालीन प्रवास पर भारत आते हैं। यहां यह ठंड से बचने के साथ ही अपनी वंशवृद्धि भी करते हैं। तापमान बढ़ने पर ये अपने देश को लौट जाते हैं। शारदा बैराज के एसडीओ बृजेश मौर्य ने बताया कि उक्त मेहमान पक्षी यहां नदी में मछलियों के अलावा शैवाल से अपनी भूख मिटाते हैं। शारदा रेंज के रेंजर गोविंद सिंह रजवार ने बताया कि इन पक्षियों के शिकार करने पर प्रतिबंध है।