चंपावत। जिलाधिकारी रणवीर सिंह चौहान ने सभी बैंकर्स को स्वरोजगार के लिए कर्ज लेने वाले पात्र आवेदन पर लचीला रुख अपनाने के निर्देश दिए हैं। जिला स्तरीय सह सलाहकार समिति (डीएलआरसी) की बैठक में उन्होंने विभिन्न योजनाओं में कम आवेदन स्वीकृत किए जाने पर नाराजगी जताई।
उन्होंने कहा कि बैंकर्स आवेदनों की खामियों को रेखीय विभागों को दें, जिससे आवेदक की त्रुटियां सही कर फिर से आवेदन बैंक को प्रस्तुत किया जा सके और स्वरोजगारी को ऋण मुहय्या कराने में विभाग सफल हो सके।
लीड बैंक अधिकारी अरुण कुमार जोशी ने बताया कि जिले में दो हजार से कम आबादी वाले 677 गांव चिन्हित किए गए हैं, जिन्हें 108 कलस्टर्स में विभाजित कर बीसी (बैंकिंग कॉरस्पोंडेंट) के माध्यम से बैंकिंग सुविधा उपलब्ध कराई जानी है। उन्होंने बताया कि वर्तमान तक 108 के सापेक्ष बैंकों द्वारा 85 बीसी नियुक्त किए गए हैं।
लीड बैंक अधिकारी ने बताया कि जिले में 47 एटीएम स्थापित किए गए हैं जिस पर डीएम ने कहा कि सुनिश्चित करें कि सभी एटीएम में पर्याप्त मात्रा में धनराशि उपलब्ध हो। बैठक में एडीएम टीएस मर्तोलिया, पीडी डीआरडीए एचजी भट्ट, डीडीएम नाबार्ड अमित पांडेय, आरसेटी निदेशक जनार्दन चिल्कोटी, जीएम डीआईसी मीरा बोहरा, पर्यटन अधिकारी लता बिष्ट सहित रेखीय विभागों के अधिकारी, बैंकर्स उपस्थित रहे।