चंपावत। दो जून को हुई बारिश और ओलावृष्टि में पाटी ब्लॉक के मौनकांडा गांव में एक परिवार के घर में मलबा घुस गया। पीड़ित परिवार का राशन और कपड़े मलबे में दब गए। पीड़ित परिवार के दिव्यांग पुत्र मनोज ने मंगलवार को 50 किमी दूर जिला मुख्यालय पहुंच कर डीएम को ज्ञापन सौंपा।
62 साल के गंगा सिंह पत्नी, दिव्यांग बेटे मनोज, बहू और तीन छोटे पोते-पोतियों के साथ अपने कच्चे मकान में थे। इस बीच तेज बारिश से घर में भारी मलबा घुस गया। परिजनों ने जैसे तैसे दो माह कि अंशिका और दो साल की इशिका को बचाया और पड़ोसी घर में शरण ली। घर में रखे खाने पीने के सामान के साथ ही कपड़े भी मलबे में दब गए।
अगले दिन दिव्यांग मनोज पाटी तहसील में आपदा से हुए नुकसान की सूचना देने गए लेकिन न तो वहां तहसीलदार मिलीं न ही एसडीएम। आपदा की सूचना गांव के पटवारी और कानूनगो को भी दी लेकिन किसी ने भी मौका मुआयना नहीं किया।
मंगलवार को मनोज ने डीएम रणवीर सिंह चौहान और आपदा प्रबंधन प्राधिकरण को ज्ञापन देकर मौका मुआयना करने के साथ अतिवृष्टि से हुए नुकसान का मुआवजा देने की मांग की है।