टनकपुर (चंपावत)।
क्षेत्र की यातायात एवं सुरक्षा व्यवस्था को लेकर आयोजित बैठक में प्रशासन और नागरिकों ने आपसी सहमति पर यातायात व्यवस्था बेहतर बनाने का निर्णय लिया है। इस दौरान पुलिस एवं परिवहन विभाग पर यातायात को लेकर आरोप-प्रत्यारोप भी लगे। विधायक कैलाश गहतोड़ी ने जहां प्रशासन को जनता की सुविधा एवं सुरक्षा को ध्यान में रखकर यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा, वहीं लोगों से भी व्यवस्था बनाने में प्रशासन का सहयोग करने की अपील की। उन्होंने विद्यालय प्रबंधनों से भी बच्चों की सड़क सुरक्षा के प्रति गंभीरता बरतने को कहा।
पिछले दिनों सड़क हादसे में हुई सेंट फ्रांसिस स्कूल के छात्र कुणाल भारती (14) की मौत के मद्देनजर विधायक गहतोड़ी की मौजूदगी में यातायात व्यवस्था को लेकर बैठक हुई। इसमें व्यवस्था को लेकर नागरिकों ने प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए तो अधिकारियों ने भी व्यवस्था कायम रखने में कहीं न कहीं नागरिकों के असहयोग को भी जिम्मेदार बताया। नागरिकों ने कहा कि राजमार्ग समेत शहर की आंतरिक सड़कों पर अतिक्रमण एवं गाड़ियां खड़े करने से हादसे का खतरा बना रहता है, लेकिन पुलिस और प्रशासन इस ओर ध्यान नहीं देता।
विद्यालय प्रबंधकों ने विद्यालयों के गेटों के पास गति अवरोधक बनाने का आग्रह किया, जिस पर प्रशासन ने यह कहते हुए इनकार कर दिया कि एचएन मानक के तहत जगह-जगह गति अवरोधक बनाए जाने संभव नहीं है। प्रशासन ने विद्यालयों के प्रबंधकों से छुट्टी के वक्त स्वयं अपने स्तर से सुरक्षा इंतजाम करने को कहा है। इसके लिए प्रशासन उन्हें लिखित अनुमति देगा। शक्तिमान ट्रक एसोसिएशन ने खनिज निकासी के नए रूट को अनुचित बताया। कहा कि इस व्यवस्था से मेले के चलते पूर्णागिरि मार्ग पर यातायात दबाव ज्यादा होगा और हादसे का खतरा बढ़ेगा। बैठक में पालिका अध्यक्ष लक्ष्मी पांडेय, पूर्व दर्जा राज्यमंत्री शिवराज सिंह कठायत, एसडीएम अनिल चन्याल, तहसीलदार पूनम पंत, सीओ आरएस रौतेला, कोतवाल अरुण वर्मा, एआरटीओ रश्मि भट्ट, मुख्य शिक्षा अधिकारी आरसी पुरोहित आदि मौजूद थे।