चंपावत। जूनियर हाइस्कूल शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष रमेश देव ने सर्व शिक्षा अभियान के तहत ब्लॉक समन्वयक (बीआरपी) और न्याय पंचायत समन्वयक (सीआरपी) पदों पर नियुक्ति प्रक्रिया रद्द होने पर आक्रोश व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि अब सरकार को प्रदेश भर में 1279 बीआरपी और सीआरपी पदों पर नियुक्त शिक्षकों को उनके मूल विद्यालयों में भेज देना चाहिए।
जिलाध्यक्ष की ओर से शिक्षा मंत्री को भेजे गए पत्र में कहा है कि सरकारी विद्यालयों में अधिकांश गरीब, असहाय अभिभावकों के बच्चे पढ़ने आते हैं। ऐसे में जो शिक्षक जिस स्कूल से वेतन ले रहा है, उसे उस विद्यालय में उपस्थित होकर वहां अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को शिक्षा देनी चाहिए।
उनका कहना है कि यदि बीआरपी और सीआरपी की आवश्यकता है तो राज्य के 1279 शिक्षित बेरोजगारों को इन पदों पर नियुक्ति दी जाए ताकि 1279 विद्यालयों को शिक्षक मिलने के साथ ही बेरोजगारों को रोजगार भी मिल सके।