दशोली ब्लाक के कठूड़ गांव की महिलाओं ने मंगलवार को गांव के जंगल में हो रहे अतिक्रमण को हटा दिया। इसके बाद महिलाओं ने अतिक्रमण वाली भूमि पर चारापत्ती, फल और संरक्षित प्रजाति के बांज के पौधे रोपे। इस दौरान महिलाओं ने केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग से भी सहयोग लिया।
कठूड़ गांव में करीब 80 परिवार रहते हैं। गांव के ऊपरी हिस्से में चीड़ और बांज का जंगल है। यहां आसपास जंगल में अतिक्रमणकारी घेरबाड़ करने के लिए अस्थायी रूप से दीवार बना रहे हैं। मंगलवार को ग्रामीण महिलाओं ने अतिक्रमण हटाने के लिए गांव में बैठक की। इसके बाद गांव की महिलाएं सामूहिक रूप से जंगल में पहुंचीं और जंगल में अस्थायी रूप से बनाई गई दीवार को तोड़ दिया। इसके बाद अतिक्रमण वाली जगहों पर उन्होंने पौधरोपण किया। वन सरपंच धर्मेंद्र सैलानी और महिला मंगल दल अध्यक्ष ऊषा कनवासी ने कहा कि यह हमारा पुश्तैनी जंगल है। यहां अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं करेंगे। महिलाओं ने एकजुटता दिखाकर अतिक्रमण को हटाया। महिलाओं ने केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग से पौधे लाकर उन्हें अतिक्रमण वाली जगहों पर लगाया।