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Chamoli News: उर्गम सड़क कई जगहों पर बंद, 12 से अधिक गांवों का संपर्क कटा

Fri, 03 Jul 2026 07:30 PM IST
देहरादून ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, चमोली
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ज्योतिर्मठ के हेलंग-उर्गम सड़क की बनीं दुर्दशा। स्रोत: ग्रामीण 
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बारिश के कारण हुए गड्ढे, ग्रामीणों की आवाजाही ठप
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्योतिर्मठ। बीते दिन क्षेत्र में हुई बारिश ने उर्गम घाटी को जोड़ने वाली एकमात्र सड़क को कई जगह पर बाधित कर दिया। सड़क बंद होने से करीब 12 से अधिक गांवों का संपर्क कट गया है। लोगों को आवाजाही के लिए पैदल चलना पड़ रहा है।
बृहस्पतिवार देर रात को तेज बारिश होने से उर्गम घाटी की सड़क पावर हाउस के पास क्षतिग्रस्त हो गई। सड़क के कुछ जगह पर मलबा आ गया है जबकि कुछ जगह सड़क पर कटाव होने से गड्ढे हो गए हैं। इससे घाटी के भेंटा, भरकी, अरोसी, ग्वाना, पिलखी, सलना, देवग्राम, बड़गिंडा सहित अन्य गांव प्रभावित हुए हैं। सड़क बंद होने से लोगों की आवाजाही ठप हो गई है। लोगों को पैदल जाना पड़ रहा है। स्थानीय लक्ष्मण सिंह नेगी ने बताया कि भारी बारिश से सड़क बंद हो गई है। प्रशासन को जल्द से जल्द सड़क बहाल करनी चाहिए। वहीं तहसीलदार महेंद्र सिंह ने बताया कि संबंधित विभाग को सड़क के बारे में अवगत करा दिया गया है। जल्द से जल्द मार्ग सुचारु करने के निर्देश दिए गए हैं।
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कई घरों में घुसा मलबा, कृषि भूमि को भी नुकसान
प्रशासन की टीम ने किया पगनो गांव में नुकसान का निरीक्षण
संवाद न्यूज एजेंसी
ज्योतिर्मठ। पगनो गांव में भूस्खलन से हुए नुकसान का प्रशासन की टीम ने निरीक्षण किया। टीम ने देखा कि भूस्खलन से गांव को काफी नुकसान हुआ है। कुछ घरों में मलबा घुसने के साथ ही कृषि भूमि को भी भारी नुकसान हुआ है।
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पिछले तीन साल से भूस्खलन की जद में आए पगनो गांव में बुधवार रात को हुई तेज बारिश के कारण पानी के साथ मलबा घुस गया। शुक्रवार को प्रशासन की टीम ने गांव में पहुंचकर नुकसान का जायजा लिया। गांव के ऊपरी हिस्से से हो रहे भूस्खलन के कारण प्रशासन ने कुछ परिवारों को विस्थापित किया है लेकिन इस बार भूस्खलन ने नए क्षेत्र को प्रभावित कर दिया है। इससे ग्रामीणों की चिंता और बढ़ गई है। ग्राम प्रधान पगनो रमेश सुंदरियाल का कहना है कि गांव के ऊपर के भूस्खलन जोन का स्थायी ट्रीटमेंट होना चाहिए क्योंकि भूस्खलन से नुकसान का दायरा लगातार बढ़ रहा है। ऐसे ही हालात रहे तो पूरा गांव इसकी चपेट में आ जाएगा। वहीं तहसीलदार महेंद्र सिंह का कहना है कि प्रशासन की टीम ने गांव में जाकर नुकसान का जायजा लिया है। भूस्खलन से कुछ नए घरों में भी मलबा घुसा है। कृषि योग्य भूमि को भी नुकसान हुआ है। इसकी रिपोर्ट तैयार कर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। भूस्खलन का नए स्थानों पर कितना प्रभाव पड़ रहा है इसको लेकर भूगर्भीय सर्वेक्षण भी कराया जाएगा।

ज्योतिर्मठ के हेलंग-उर्गम सड़क की बनीं दुर्दशा। स्रोत: ग्रामीण 

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