भगवान बदरीविशाल के महाभिषेक के लिए प्रयुक्त होने वाले तेल कलश गाडूघड़ा को लेने के लिए बदरीनाथ धाम के डिमरी पुजारी 30 जनवरी को डिम्मर गांव से ज्योर्तिमठ रवाना होंगे। श्री डिमरी धार्मिक केंद्रीय पंचायत के अध्यक्ष आशुतोष डिमरी ने बताया कि पंचायत की ओर से नियुक्त प्रतिनिधि दल में शैलेंद्र प्रसाद डिमरी, हरीश चंद्र डिमरी, नरेश डिमरी और अरविंद कुमार डिमरी शामिल होंगे।
बीकेटीसी के मुख्य कार्याधिकारी विजय थपलियाल ने बताया कि नृसिंह मंदिर ज्योतिर्मठ से गाडूघड़ा डिमरी पुजारियों को दिया जाएगा। इसके बाद गाडूघड़ा रात्रि प्रवास के लिए योगध्यान मंदिर पांडुकेश्वर के लिए रवाना होगा।
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31 जनवरी को पांडुकेश्वर में महाभिषेक पूजा-अर्चना और भोग लगने के बाद गाडूघड़ा श्री लक्ष्मी नारायण मंदिर पहुंचेगा। एक फरवरी को ऋषिकेश और दो फरवरी को वसंत पंचमी पर गाडूघड़ा टिहरी नरेश के राजदरबार नरेंद्रनगर पहुंचाया जाएगा। इसके बाद यहां बदरीविशाल के कपाट खुलने की तिथि तय होगी।